SIR फॉर्म-7 में अनियमितता का आरोप, आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के मुख्य चुनाव पदाधिकारी से की मुलाकात
UNITED NEWS OF ASIA . अमृतेश्वर सिंह, रायपुर | छत्तीसगढ़ में चल रही स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया और फॉर्म-7 के माध्यम से मतदाता सूची से नाम काटे जाने के मामलों को लेकर आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के मुख्य चुनाव पदाधिकारी से मुलाकात कर औपचारिक आवेदन सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल ने अधिकारियों को अवगत कराया कि नाम जोड़ने की प्रक्रिया में अत्यधिक सख्ती बरती जा रही है, जबकि नाम काटने के मामलों में पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया को गंभीरता से नहीं अपनाया जा रहा है। पार्टी नेताओं का आरोप है कि कई क्षेत्रों में एक ही व्यक्ति द्वारा बड़ी संख्या में आपत्तियां दर्ज कराई गई हैं, जिससे पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जाति-समुदाय विशेष को निशाना बनाने का आरोप
आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया कि राज्य के कुछ विधानसभा क्षेत्रों में अनुसूचित जनजाति (ST), अनुसूचित जाति (SC) और अल्पसंख्यक समुदाय से जुड़े मतदाताओं के नामों पर असामान्य रूप से अधिक आपत्तियां दर्ज की गई हैं। पार्टी का कहना है कि यह केवल प्रशासनिक चूक नहीं, बल्कि गंभीर और सुनियोजित अनियमितता का विषय हो सकता है, जिसकी निष्पक्ष जांच आवश्यक है।
पार्टी की ओर से मांग की गई कि इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय, स्वतंत्र और समयबद्ध जांच कराई जाए। साथ ही फर्जी आपत्तिकर्ताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाए और दोषी अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
मुख्य चुनाव पदाधिकारी का आश्वासन
प्रतिनिधिमंडल को राज्य के मुख्य चुनाव पदाधिकारी ने आश्वस्त किया कि यदि किसी भी स्तर पर गड़बड़ी पाई जाती है, तो उसे तत्काल दुरुस्त किया जाएगा और प्रक्रिया की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
ज्ञापन और आगे की रणनीति
आम आदमी पार्टी ने स्पष्ट किया कि यदि इस मामले में आयोग द्वारा संतोषजनक कार्रवाई नहीं की जाती है, तो पार्टी आंदोलनात्मक कदम उठाने की रणनीति पर भी विचार कर सकती है।
इस दौरान प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश महासचिव वदूद आलम, प्रदेश मीडिया प्रभारी मिहिर कुर्मी, रायपुर लोकसभा अध्यक्ष अजीम खान, रायपुर जिला अध्यक्ष नवनीत नंदे, रायपुर जिला महासचिव नरेंद्र ठाकुर, सुरेन्द्र बिसेन तथा सनोज दास सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।