सावन व्रत में साबूदाने से बनी हल्की डिश है खाने, तो बनाएं स्वादिष्ट साबूदाना अप्पे

सावन के व्रत में साबूदाने से बनी डिश पसंद की जाती है। साबूदाना वड़ा और खिचड़ी के अलावा साबूदाना अप्पे कम तेल में तैयार होने वाला स्वादिष्ट विकल्प है। इसे साबूदाना, उबले आलू, मूंगफली और सेंधा नमक जैसी व्रत में इस्तेमाल होने वाली सामग्री से आसानी से बनाया जा सकता है।

Aug 15, 2026 - 16:35
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सावन व्रत में साबूदाने से बनी हल्की डिश है खाने, तो बनाएं स्वादिष्ट साबूदाना अप्पे

UNITED NEWS OF ASIA. सावन के महीने में व्रत के दौरान साबूदाने से बनी डिशेज खाने का खास चलन है। साबूदाना खिचड़ी और साबूदाना वड़ा से लेकर कई तरह के व्यंजन व्रत की थाली का हिस्सा बनते हैं। हालांकि साबूदाना वड़ा डीप फ्राई होने के कारण कुछ लोगों को थोड़ा भारी लग सकता है। ऐसे में कम तेल में तैयार होने वाले साबूदाना अप्पे एक स्वादिष्ट विकल्प हो सकते हैं।

साबूदाना अप्पे स्वाद में कुरकुरे और अंदर से नरम होते हैं। इन्हें अप्पम पैन में बहुत कम तेल या देसी घी के साथ आसानी से बनाया जा सकता है। व्रत के दौरान इन्हें हरी चटनी, दही या मूंगफली की चटनी के साथ परोसा जा सकता है। अगर आप इस सावन व्रत में साबूदाने से कुछ अलग और स्वादिष्ट बनाना चाहते हैं, तो साबूदाना अप्पे जरूर ट्राई कर सकते हैं।

साबूदाना अप्पे बनाने के लिए सामग्री

साबूदाना अप्पे बनाने के लिए एक कप साबूदाना, दो मध्यम आकार के उबले आलू, आधा कप भुनी और दरदरी कुटी मूंगफली, एक से दो बारीक कटी हरी मिर्च, एक छोटा चम्मच जीरा, आधा छोटा चम्मच सेंधा नमक, एक छोटा चम्मच नींबू का रस और दो बड़े चम्मच बारीक कटा हरा धनिया लें। इसके अलावा अप्पे सेंकने के लिए करीब एक चम्मच तेल या देसी घी और जरूरत के अनुसार थोड़ा पानी इस्तेमाल किया जा सकता है।

साबूदाना भिगोने का सही तरीका

सबसे पहले साबूदाने को अच्छी तरह धो लें। इसके बाद इसमें इतना पानी डालें कि साबूदाना बस हल्का सा डूब जाए। इसे करीब चार से पांच घंटे या रातभर भिगोकर रखें। जब साबूदाना अच्छी तरह नरम हो जाए तो उसका अतिरिक्त पानी निकाल दें। साबूदाने में ज्यादा पानी रहने से मिश्रण ढीला हो सकता है और अप्पे बनाते समय पैन में ठीक से सेट नहीं होंगे।

तैयार करें अप्पे का मिश्रण

भीगे हुए साबूदाने में मैश किए हुए उबले आलू, दरदरी कुटी मूंगफली, बारीक कटी हरी मिर्च, जीरा, सेंधा नमक, नींबू का रस और हरा धनिया डालें। सभी सामग्री को अच्छी तरह मिलाकर ऐसा मिश्रण तैयार करें जो आसानी से बंध जाए। यदि मिश्रण बहुत सूखा लगे तो जरूरत के अनुसार थोड़ा पानी डाला जा सकता है।

अप्पे बनाने की विधि

अब अप्पम पैन को मध्यम आंच पर गर्म करें। पैन के प्रत्येक खाने में थोड़ा सा तेल या देसी घी लगाएं। तैयार साबूदाना मिश्रण की छोटी छोटी गोलियां बनाकर उन्हें अप्पम पैन के खानों में रखें। ऊपर से भी हल्का तेल या घी लगाया जा सकता है।

अप्पे को ढककर कुछ मिनट तक मध्यम आंच पर पकाएं। जब उनकी निचली सतह सुनहरी और हल्की कुरकुरी हो जाए तो उन्हें सावधानी से पलट दें। दूसरी तरफ से भी सुनहरा और कुरकुरा होने तक पकाएं। जरूरत महसूस होने पर थोड़ा सा तेल या घी डाला जा सकता है।

जब साबूदाना अप्पे दोनों तरफ से अच्छी तरह पक जाएं तो उन्हें प्लेट में निकाल लें। इन्हें गरमा गरम व्रत वाली हरी चटनी, दही या मूंगफली की चटनी के साथ परोसा जा सकता है। कम तेल में तैयार होने की वजह से यह साबूदाना वड़े का एक अलग विकल्प हो सकता है।

साबूदाना अप्पे बनाते समय सबसे जरूरी बात यह है कि साबूदाना भिगोने के बाद उसमें अतिरिक्त पानी बिल्कुल न रहने दें। ज्यादा पानी होने पर मिश्रण ढीला हो सकता है और अप्पे पैन में आसानी से सेट नहीं होंगे। सही तरीके से भिगोया गया साबूदाना और संतुलित मिश्रण अप्पे को अच्छी बनावट देने में मदद करता है।