ओरमा में लगातार दूसरे वर्ष चला हरियाली अभियान, ग्रामीणों ने किया वृहद वृक्षारोपण
बालोद जिले के ग्राम पंचायत ओरमा में लगातार दूसरे वर्ष हरियाली अभियान के तहत वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। सरपंच मंजुलता साहू के नेतृत्व में ग्रामीणों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य के उद्देश्य से बालोद जिले के ग्राम पंचायत ओरमा में लगातार दूसरे वर्ष हरियाली अभियान के तहत वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला मुख्यालय से लगभग पांच किलोमीटर दूर स्थित इस ग्राम पंचायत में सरपंच मंजुलता साहू के नेतृत्व में आयोजित अभियान में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर पौधरोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
अभियान में ग्राम के वरिष्ठ नागरिक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मितानिन, स्वच्छता ग्राही, महिला स्व-सहायता समूह की सदस्याएं, महतारी वंदन योजना की हितग्राही तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। सभी ने मिलकर गांव के विभिन्न सार्वजनिक स्थलों और निर्धारित स्थानों पर पौधे लगाए तथा उन्हें सुरक्षित रखने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान महिलाओं ने पौधरोपण से पहले सामूहिक शपथ ली। उन्होंने कहा कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल, सिंचाई और सुरक्षा की जिम्मेदारी भी सभी मिलकर निभाएंगे। ग्रामीणों ने संकल्प लिया कि लगाए गए प्रत्येक पौधे को वृक्ष बनने तक संरक्षित किया जाएगा, ताकि आने वाले वर्षों में गांव हरियाली से आच्छादित हो सके।
इस अवसर पर सरपंच मंजुलता साहू ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने प्रत्येक परिवार से अपने किसी सदस्य के नाम पर कम से कम एक पौधा लगाने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक नागरिक पौधरोपण को अपनी जिम्मेदारी समझे और उसकी देखभाल करे, तो पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के साथ-साथ आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराया जा सकता है।
उन्होंने ग्रामीणों से घर, खेत, सार्वजनिक स्थानों और शासकीय भूमि पर अधिक से अधिक पौधे लगाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि पेड़ केवल पर्यावरण को शुद्ध नहीं करते, बल्कि जल संरक्षण, जैव विविधता और जलवायु संतुलन बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम में उपसरपंच रामचंद यादव, सचिव संतोष साहू, सुदामा साहू, डोमार कुम्भकार, सगुना साहू, फग्नि निषाद, विश्वकांत भारद्वाज, कमलेश्वरी साहू, भावना साहू, शतरूपा साहू, दिलेश्वर साहू, गुंजन साहू, धनु सोनकर, बीना साहू सहित अनेक ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने पौधरोपण अभियान को सफल बनाने में सक्रिय भागीदारी निभाई।
ग्रामीणों ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिन का अभियान नहीं बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी है। यदि हर व्यक्ति पौधरोपण और उनकी देखभाल का संकल्प ले, तो जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों का प्रभाव कम किया जा सकता है। ग्रामीणों ने भविष्य में भी इस तरह के हरियाली अभियान को लगातार जारी रखने और गांव को अधिक से अधिक हरा-भरा बनाने का संकल्प लिया।