ट्रेन और बस बदलकर कर रहे थे गांजा तस्करी, महासमुंद पुलिस ने नागपुर के दो तस्करों को दबोचा
महासमुंद पुलिस ने गांजा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए महाराष्ट्र के नागपुर निवासी दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 6.360 किलो गांजा और दो मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। तस्कर उड़ीसा से गांजा लाकर नागपुर ले जाने की फिराक में थे, लेकिन पुलिस की सतर्कता से उनकी योजना विफल हो गई।
UNITED NEWS OF ASIA. जगदीश पटेल, सरायपाली l छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में गांजा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स और सिंघोड़ा थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में महाराष्ट्र के नागपुर निवासी दो गांजा तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के कब्जे से 6.360 किलोग्राम गांजा और दो मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। जब्त सामग्री की कुल कीमत लगभग 3 लाख 38 हजार रुपये आंकी गई है।
पुलिस के अनुसार आरोपी उड़ीसा के बलांगीर जिले से गांजा लेकर नागपुर ले जाने की तैयारी में थे। तस्करों ने पुलिस को चकमा देने के लिए ट्रेन और बस का सहारा लिया था, लेकिन महासमुंद पुलिस की सतर्कता और तकनीकी निगरानी के चलते उनकी योजना नाकाम हो गई।
जानकारी के मुताबिक पुलिस को सूचना मिली थी कि मुरमुरी चौक के पास एक महिला और एक पुरुष दो पिट्ठू बैग में गांजा लेकर बस का इंतजार कर रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर दोनों संदिग्धों को पकड़ लिया। पूछताछ में पुरुष ने अपना नाम पराग ध्रुव निवासी शांतिनगर, नागपुर और महिला ने अपना नाम सायली मसराम निवासी पंचपावली, नागपुर बताया।
जब पुलिस ने दोनों के बैग की तलाशी ली तो उसमें 6.360 किलो अवैध मादक पदार्थ गांजा मिला। आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे यह गांजा उड़ीसा से नागपुर ले जा रहे थे। इसके बाद पुलिस ने विधिसम्मत कार्रवाई करते हुए गांजा और दो मोबाइल फोन जब्त कर लिए। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(B)(दो)(बी) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।
महासमुंद पुलिस ने बताया कि जिले में गांजा परिवहन और बिक्री रोकने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पिछले चार महीनों में पुलिस ने 95 प्रकरणों में कुल 6431.571 किलोग्राम गांजा जब्त किया है, जिसकी अनुमानित कीमत 32 करोड़ 73 लाख 5 हजार 450 रुपये बताई गई है। जनवरी 2026 से अब तक कुल 240 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें 56 आरोपी छत्तीसगढ़ और 184 अन्य राज्यों के निवासी हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार तस्कर आए दिन नए-नए तरीके अपनाकर गांजा तस्करी की कोशिश कर रहे हैं। कभी एंबुलेंस की आड़ में, कभी मूवर्स एंड पैकर्स के नाम पर, तो कभी भारी वाहनों में फल और खाद्य सामग्री के नीचे गांजा छिपाकर तस्करी की जा रही थी। इसके अलावा कपड़ा फेरीवालों और छोटे वाहनों में गुप्त चैंबर बनाकर भी तस्करी के प्रयास किए गए। लेकिन महासमुंद police ने हर तरीके को विफल करने का दावा किया है।
जिले में चार स्थायी चेक पोस्ट के अलावा संभावित कच्चे रास्तों पर भी चेकिंग बढ़ाई गई है। पुलिस का कहना है कि तकनीकी विश्लेषण, मुखबिर सूचना और लगातार निगरानी के जरिए तस्करों पर शिकंजा कसा जा रहा है। साथ ही सोर्स प्वाइंट से लेकर डेस्टिनेशन प्वाइंट तक पूरी सप्लाई चेन को तोड़ने की दिशा में कार्रवाई जारी है।
पुलिस का कहना है कि आने वाले समय में भी मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ इसी तरह सख्त अभियान जारी रहेगा और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।