दंतेवाड़ा में नक्सलियों के गढ़ पल्लेवाया में स्थापित हुआ नया सुरक्षा कैंप
दंतेवाड़ा में नक्सलियों के गढ़ पल्लेवाया में नया सुरक्षा कैंप स्थापित किया गया है। इस कदम से बीजापुर-नारायणपुर के दुर्गम गांवों तक विकास की राह खुलेगी और गृह मंत्री के मार्च 2026 तक नक्सलवाद उन्मूलन लक्ष्य को बल मिलेगा।
UNITED NEWS OF ASIA. कमलेश सिंह ठाकुर, दंतेवाड़ा | में ऐतिहासिक सफलता हासिल की गई है। नक्सलियों के गढ़ पल्लेवाया में छत्तीसगढ़ पुलिस और CRPF 165वीं बटालियन ने नया सुरक्षा कैंप स्थापित किया है। अबूझमाड़ के कोर ज़ोन में F.O.B. बनाकर नक्सली स्मारक ध्वस्त किए गए।
इस पहल से बीजापुर-नारायणपुर के दुर्गम और विकास से वंचित गांवों तक विकास की राह खुलेगी। ग्रामीणों को सड़क, बिजली, मोबाइल नेटवर्क और स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा। इसके साथ ही "नियद नेल्लानार" योजना का लाभ भी सीधे प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचाया जाएगा।
यह कदम गृह मंत्री द्वारा निर्धारित 'मार्च 2026 तक नक्सलवाद उन्मूलन' के लक्ष्य की दिशा में निर्णायक साबित होगा। सुरक्षा और विकास को एक साथ जोड़ते हुए 'विकास ही सुरक्षा' नीति को मूर्त रूप दिया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्थायी सुरक्षा और बेहतर जीवन स्तर स्थापित करने के लिए यह पहल अहम साबित होगी।
सुरक्षा कैंप के साथ-साथ स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा बलों ने ग्रामीणों के लिए राहत एवं विकास कार्यों को भी शुरू किया है। यह कदम क्षेत्र में नक्सलियों की गतिविधियों को कम करने और विकासात्मक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
इस अभियान से प्रभावित क्षेत्र में जीवन स्तर में सुधार होगा और स्थानीय लोगों का विकास में विश्वास मजबूत होगा। सुरक्षा के साथ-साथ सड़क, बिजली, मोबाइल और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान संभव होगा।
छत्तीसगढ़ पुलिस और CRPF की संयुक्त कार्रवाई से यह संदेश स्पष्ट हुआ है कि न केवल सुरक्षा बल सक्रिय हैं, बल्कि विकास और कल्याण कार्यों के माध्यम से स्थायी परिवर्तन लाने का प्रयास भी किया जा रहा है।