रक्षाबंधन पर मितानीन बहनों ने कांग्रेस नेता संदीप तिवारी को बांधी राखी, 13 वर्षों से निभा रहे भाई-बहन का रिश्ता

रायपुर के पं. सुंदरलाल शर्मा वार्ड क्रमांक 41 में रक्षाबंधन के अवसर पर मितानीन बहनों ने कांग्रेस नेता एवं पूर्व पार्षद प्रत्याशी संदीप तिवारी को राखी बांधी। तिवारी पिछले कई वर्षों से मितानीन बहनों के साथ रक्षाबंधन मनाते आ रहे हैं और वार्ड की समस्याओं के समाधान में सहयोग करते रहे हैं।

Aug 29, 2026 - 16:06
 0  2
रक्षाबंधन पर मितानीन बहनों ने कांग्रेस नेता संदीप तिवारी को बांधी राखी, 13 वर्षों से निभा रहे भाई-बहन का रिश्ता

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l रक्षाबंधन के अवसर पर पं. सुंदरलाल शर्मा वार्ड क्रमांक 41 की मितानीन बहनों ने कांग्रेस नेता एवं पूर्व पार्षद प्रत्याशी संदीप तिवारी को राखी बांधकर भाई-बहन के रिश्ते को मजबूत किया। इस अवसर पर संदीप तिवारी ने मितानीन बहनों के निवास स्थल पहुंचकर उनके साथ रक्षाबंधन का पर्व मनाया।

मितानीन बहनों ने कहा कि वे उन जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं को राखी बांधती हैं, जो महिलाओं के सम्मान, बच्चों के भविष्य और वार्ड की बुनियादी जरूरतों को लेकर लगातार काम करते हैं। उन्होंने कहा कि सुख-दुख में साथ खड़े रहने वाले लोगों के प्रति सम्मान और अपनत्व जताना भी उनके लिए इस पर्व का हिस्सा है।

वर्षों से मितानीन बहनों के साथ मना रहे रक्षाबंधन

कांग्रेस नेता संदीप तिवारी पिछले 13 वर्षों से वार्ड की वरिष्ठ एवं मितानीन बहनों के साथ रक्षाबंधन का पर्व मनाते आ रहे हैं। इस दौरान वे वार्ड से जुड़ी समस्याओं और जरूरतों को लेकर भी मितानीन बहनों के संपर्क में रहते हैं और उनके सुख-दुख में सहयोग करने का प्रयास करते हैं।

मितानीन बहनें भी संदीप तिवारी को अपने भाई के रूप में मानती हैं। वार्ड की विभिन्न समस्याओं को लेकर वे उनसे चर्चा करती हैं और आवश्यक मामलों के समाधान के लिए सहयोग लेती हैं।

इन मितानीन बहनों ने बांधी राखी

रक्षाबंधन कार्यक्रम में लीलाबाई देवांगन, करूणा सहारे, सीमा देवांगन, अज्ञेश्वरी देवांगन, डिम्पल यादव, मधू देवांगन और सरस्वती सहित अन्य मितानीन बहनें उपस्थित रहीं। सभी ने संदीप तिवारी को राखी बांधी और रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं।

इस दौरान संदीप तिवारी ने मितानीन बहनों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वर्षों से चला आ रहा यह रिश्ता उनके लिए केवल रक्षाबंधन के पर्व तक सीमित नहीं है, बल्कि वार्ड के लोगों के साथ निरंतर जुड़ाव और सहयोग का प्रतीक है।