छठ पूजा 2025: जानें ऊषा और संध्या अर्घ्य का सटीक समय, नियम, मंत्र और पूजा सामग्री की पूरी जानकारी

छठ पूजा 2025 का पर्व इस वर्ष 27 और 28 अक्टूबर को मनाया जाएगा। लोक आस्था के इस महापर्व में सूर्य देव और छठी माई की उपासना की जाती है। 27 अक्टूबर को संध्या अर्घ्य शाम 5:40 बजे और 28 अक्टूबर को ऊषा अर्घ्य सुबह 6:30 बजे दिया जाएगा। जानिए पूजा के नियम, मंत्र और आवश्यक सामग्री की संपूर्ण जानकारी।

Oct 27, 2025 - 15:11
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छठ पूजा 2025: जानें ऊषा और संध्या अर्घ्य का सटीक समय, नियम, मंत्र और पूजा सामग्री की पूरी जानकारी

UNITED NEWS OF ASIA. धर्म | लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा सूर्य देव और छठी माई की आराधना के लिए समर्पित है। इस व्रत को रखने वाले श्रद्धालु पवित्रता, संयम और कठोर नियमों का पालन करते हैं। यह पर्व चार दिनों तक चलता है और इसमें संध्या अर्घ्य तथा ऊषा अर्घ्य का विशेष महत्व होता है। इस व्रत को रखने से संतान से जुड़ी परेशानियाँ दूर होती हैं और घर में सुख, समृद्धि तथा सौभाग्य का वास होता है।

 

ऊषा और संध्या अर्घ्य का समय (Chhath Puja Arghya Time 2025)

  • संध्या अर्घ्य (Sandhya Arghya): 27 अक्टूबर 2025, शाम 05:40 बजे

  • ऊषा अर्घ्य (Usha Arghya): 28 अक्टूबर 2025, सुबह 06:30 बजे

अर्घ्य देने के नियम (Chhath Puja Arghya Rules)

  • व्रती को किसी पवित्र नदी, तालाब या घाट पर जाकर अर्घ्य देना चाहिए।

  • जल में घुटनों तक खड़े होकर सूर्य देव की उपासना की जाती है।

  • अर्घ्य के लिए तांबे के लोटे का प्रयोग करें और उसमें गंगाजल, दूध व लाल फूल मिलाएं।

  • सूर्य की ओर मुख कर धीरे-धीरे जल अर्पित करें

  • बांस के सूप या दउरा में ठेकुआ, फल, गन्ना, मूली, सिंघाड़ा आदि रखकर पूजा करें।

  • व्रती को पूरे व्रत काल में तामसिक भोजन और नकारात्मक विचारों से दूर रहना चाहिए।

अर्घ्य मंत्र (Chhath Puja Mantra)

  • ॐ सूर्याय नमः।।

  • ॐ ऐहि सूर्य सहस्त्रांशो तेजो राशे जगत्पते, अनुकंपयेमां भक्त्या, गृहाणार्घ्यं दिवाकर।।

  • ॐ ह्रीं ह्रीं सूर्याय सहस्रकिरणराय मनोवांछितं फलम् देहि देहि स्वाहा।।

पूजा सामग्री (Chhath Puja Samagri)

  • बांस का सूप, बांस की टोकरी, तांबे का लोटा/कलश, गंगाजल, कच्चा दूध, ठेकुआ, कसार, गन्ना, नारियल, केला, सेब, नींबू, शकरकंदी, सिंघाड़ा, हल्दी, अदरक का पौधा, पान-सुपारी, धूप-दीप, सिंदूर, कपूर, पीला या लाल वस्त्र आदि।

छठ पूजा भारतीय संस्कृति का वह अनूठा पर्व है जो सूर्य उपासना, तप और आस्था का प्रतीक है। इस दिन सूर्य को अर्घ्य देने से परिवार में सुख, स्वास्थ्य और समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है। श्रद्धालु पूरे मन, भक्ति और पवित्रता के साथ इस पर्व का पालन करते हैं।