बस्तर तिरंगा यात्रा ने दिया नक्सलवाद के खात्मे, शहीदों के सम्मान और विकसित बस्तर का संदेश

सुकमा में बस्तर तिरंगा यात्रा के दूसरे दिन उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की और ग्रामीणों से मुलाकात कर नक्सलवाद के खात्मे तथा बस्तर के विकास का संदेश दिया। पुनर्वासित महिलाओं ने उपमुख्यमंत्री और सांसद महेश कश्यप को तिरंगे से सजी राखी बांधी। यात्रा के दौरान शहीद स्थलों पर पौधारोपण और पवित्र मिट्टी का संग्रहण किया गया। उपमुख्यमंत्री ने 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य के अनुरूप विकसित बस्तर का संकल्प दोहराया।

Aug 14, 2026 - 12:08
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बस्तर तिरंगा यात्रा ने दिया नक्सलवाद के खात्मे, शहीदों के सम्मान और विकसित बस्तर का संदेश

UNITED NEWS OF ASIA. सुकमा l सुकमा में आयोजित बस्तर तिरंगा यात्रा के दूसरे दिन उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने एर्राबोर पहुंचकर नक्सल हिंसा में शहीद हुए 33 जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान पुनर्वासित महिलाओं ने उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा और सांसद महेश कश्यप को तिरंगे में सजाई गई राखी बांधकर विश्वास और नए बस्तर की उम्मीदों का संदेश दिया। महिलाओं ने पुलिस जवानों को भी राखियां भेंट कीं।

उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि बस्तर में अब नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक संघर्ष का परिणाम दिखाई दे रहा है। उन्होंने एर्राबोर की नक्सली हिंसा का उल्लेख करते हुए कहा कि जिन क्षेत्रों में कभी भय और हिंसा का वातावरण था, वहां आज लोकतंत्र और तिरंगा मजबूती के साथ दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि बंदूक के बल पर लोगों को डराना और संविधान तथा लोकतांत्रिक व्यवस्था को नकारना लोकतंत्र नहीं हो सकता।

उन्होंने कहा कि बस्तर के समाज, जनप्रतिनिधियों, पत्रकारों और युवाओं ने लोकतंत्र की ताकत को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अब बस्तर के विकास की दिशा बस्तर के लोग स्वयं तय करेंगे। उन्होंने कहा कि बस्तर प्राकृतिक संसाधनों, लघु वनोपज और प्राकृतिक सौंदर्य से समृद्ध है तथा इन्हीं संसाधनों के आधार पर क्षेत्र विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंच सकता है।

तिरंगा यात्रा के दौरान भुसारास, एर्राबोर, पोलमपल्ली, ताड़मेटला, मनिकोंटा, बुर्कापाल, दोरनापाल, चिंतागुफा, श्यामगिरी और चिंतलनार जैसे क्षेत्रों में शहीदों की स्मृति में पौधारोपण किया गया। इन शहीद स्थलों की मिट्टी भी संग्रहित की गई। यात्रा के दौरान उपमुख्यमंत्री ने स्थानीय नागरिकों, शहीद परिवारों, पुनर्वासित लोगों और पुलिस जवानों से मुलाकात की।

एर्राबोर स्वास्थ्य शिविर के निरीक्षण के दौरान उपमुख्यमंत्री ने पांच वयोवृद्ध महिलाओं को मोतियाबिंद मुक्त होने का प्रमाण पत्र प्रदान किया। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सुकमा जिले को मोतियाबिंद मुक्त बनाने के लिए अभियान चलाया जा रहा है और इस सत्र में अब तक 182 मोतियाबिंद ऑपरेशन किए जा चुके हैं।

कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि वे बस्तर की इसी माटी में पैदा हुए हैं और उनके परिवार ने भी नक्सलवाद का दंश झेला है। उन्होंने बताया कि उनके भाई की नक्सलियों ने हत्या कर दी थी। उन्होंने कहा कि शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए और उनके नाम पर पौधारोपण करते हुए उन्हें अपने परिवार के दुखों की याद आती है। उन्होंने कहा कि बस्तर में नक्सलवाद का खात्मा उनके लिए व्यक्तिगत खुशी का विषय है और बस्तर का विकास उनके लिए अपने परिवार के विकास जैसा है।

उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने लोगों से स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर हर घर में तिरंगा लगाने की अपील की। उन्होंने कहा कि देश ने वर्ष 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया है और आने वाले समय में बस्तर में भी व्यापक बदलाव दिखाई देगा। उन्होंने बस्तर को देश का विकसित जनजातीय संभाग बनाने की दिशा में मिलकर काम करने का आह्वान किया।

सांसद महेश कश्यप ने कहा कि सुकमा में करीब 200 किलोमीटर की तिरंगा यात्रा अपने आप में ऐतिहासिक अवसर है। उन्होंने कहा कि तिरंगे का केसरिया रंग बलिदान और सफेद रंग शांति का प्रतीक है। उन्होंने नक्सली हिंसा में मारे गए निर्दोष लोगों को याद करते हुए कहा कि लंबे समय तक बस्तर की धरती हिंसा से प्रभावित रही, लेकिन अब शासन, सुरक्षा बलों और बस्तरवासियों के सामूहिक प्रयासों से परिस्थितियों में बदलाव आया है।

उन्होंने कहा कि नक्सलवाद के नाम पर लंबे समय तक लोगों को भ्रमित किया गया, लेकिन अब बस्तर के लोग विकास, शांति और लोकतंत्र की राह पर आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने भी लोगों से स्वतंत्रता दिवस पर हर घर में तिरंगा लगाने की अपील की।

बस्तर तिरंगा यात्रा के माध्यम से शहीद जवानों को श्रद्धांजलि देने के साथ नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक विजय, लोकतंत्र की मजबूती और बस्तर के शांतिपूर्ण एवं विकसित भविष्य का संदेश जन-जन तक पहुंचाया गया।