कलेक्टर कार्यालय पहुंचने के बाद मंत्री नागरसिंह चौहान किसानों के साथ जमीन पर बैठ गए और कलेक्टर नीतू माथुर के सामने किसानों की समस्याएं रखीं। किसानों ने बताया कि जिले में पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण जलस्तर लगातार नीचे जा रहा है। खेतों में सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध नहीं होने से फसलों पर संकट गहराता जा रहा है। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध नहीं कराया गया तो फसलों को भारी नुकसान हो सकता है।
किसानों ने नर्मदा सिंचाई परियोजना से प्रभावित क्षेत्रों के लिए तत्काल पानी छोड़े जाने की मांग रखी। इसके साथ ही आलीराजपुर जिले को सूखा प्रभावित घोषित कर किसानों को राहत और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी की गई। किसानों ने प्रशासन के सामने कम बारिश के कारण पैदा हुई स्थिति से अवगत कराते हुए जल्द समाधान की मांग की।
मंत्री नागरसिंह चौहान ने किसानों की समस्या को लेकर संबंधित विभाग के प्रमुख सचिव से दूरभाष पर चर्चा की और तत्काल कार्रवाई की मांग रखी। इसके बाद कलेक्टर नीतू माथुर ने किसानों को बताया कि प्रमुख सचिव की ओर से सकारात्मक निर्देश प्राप्त हुए हैं और नर्मदा सिंचाई परियोजना से पानी छोड़ने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। कलेक्टर के अनुसार आगामी 3 से 4 दिनों में परियोजना से पानी छोड़े जाने की संभावना है।
इस दौरान मंत्री नागरसिंह चौहान ने कहा कि वे स्वयं किसान हैं और किसानों की समस्याओं को समझते हैं। इसी वजह से वे किसानों के साथ पैदल कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और उनकी मांगों को प्रशासन के सामने रखा। उन्होंने किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों से आवश्यक कार्रवाई की मांग की।
कलेक्टर नीतू माथुर के आश्वासन के बाद किसानों ने उम्मीद जताई कि जल्द ही नर्मदा परियोजना का पानी खेतों तक पहुंचेगा और कम बारिश से पैदा हुए सिंचाई संकट से उन्हें राहत मिलेगी। किसानों ने उनकी समस्या को प्रशासन के सामने रखने के लिए मंत्री नागरसिंह चौहान का आभार भी जताया।
इस दौरान भाजपा नेता भदू पचाया, मांगीलाल रावत, जयपाल खरत, आजमसिंह आवासीय, सुरेश सस्तिया, रिंकेश तंवर, हितेंद्र शर्मा, विकास माहेश्वरी सहित ग्रामीण क्षेत्रों के सरपंच, जनप्रतिनिधि, पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे। समारोह के दौरान किसानों की सिंचाई संबंधी मांग और नर्मदा परियोजना से पानी छोड़े जाने को लेकर प्रशासनिक स्तर पर हुई कार्रवाई प्रमुख मुद्दा रही।