नकली सोना बेचकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, चार आरोपी गिरफ्तार
सूरजपुर जिले में नकली सोना देकर लाखों की ठगी करने वाले चार आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने असली सोने का सैंपल दिखाकर पीतल को सोना बताकर रकम ठगी थी।
UNITED NEWS OF ASIA. विकास श्रीवास्तव, सुरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में नकली सोना बेचकर ठगी करने वाले गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। थाना चांदनी पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से ठगी की रकम भी बरामद की है।
मामले की शुरुआत 16 मार्च 2026 को हुई, जब ग्राम दर्रीपारा थाना झिलमिली निवासी बालरूप गुप्ता ने थाना चांदनी में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि होली के कुछ दिन पहले उन्हें सोना खरीदने का प्रस्ताव मिला था। एक परिचित के माध्यम से वे आरोपियों के संपर्क में आए, जिन्होंने उन्हें असली सोने का सैंपल दिखाया।
शिकायतकर्ता ने उस सैंपल को भैयाथान के एक सोनार से जांच कराया, जहां वह असली पाया गया। इसके बाद आरोपियों पर भरोसा करते हुए उन्होंने 11 मार्च को 2 लाख 20 हजार रुपये लेकर तय स्थान रेडीपहरी चौक, ठाडपाथर पहुंचे।
यहां आरोपियों ने कपड़े में लिपटा हुआ पीतल का बिस्किट, जिसे सोना बताया गया, उन्हें सौंप दिया और बदले में पूरी रकम ले ली। बाद में पता चला कि वह सोना नहीं बल्कि पीतल था, जिसके बाद उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
प्रकरण दर्ज होने के बाद डीआईजी एवं एसएसपी प्रशांत कुमार ठाकुर ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए। एसडीओपी ओड़गी राजेश जोशी के मार्गदर्शन में पुलिस टीम ने जांच शुरू की।
जांच के दौरान सबसे पहले कमीशन के लालच में पीड़ित को आरोपियों से मिलवाने वाले अर्जुन देवांगन और मोहन उर्फ सोनू को गिरफ्तार किया गया। उनसे पूछताछ के आधार पर मुख्य आरोपी राजेन्द्र यादव और किशोरी लाल यादव को भी पकड़ लिया गया।
चारों आरोपियों ने पूछताछ में ठगी की वारदात को स्वीकार कर लिया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने 1 लाख 24 हजार रुपये नगद बरामद किए हैं।
गिरफ्तार आरोपियों में अर्जुन देवांगन (35 वर्ष), मोहन उर्फ सोनू (29 वर्ष), राजेन्द्र यादव (46 वर्ष) और किशोरी लाल यादव (42 वर्ष) शामिल हैं। सभी आरोपी अलग-अलग स्थानों के निवासी हैं और मिलकर यह गिरोह बनाकर ठगी की घटनाओं को अंजाम दे रहे थे।
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी आर.पी. साहू, एएसआई क्षेत्रपाल सिंह और पुलिस टीम के अन्य जवानों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
यह मामला इस बात का उदाहरण है कि ठग किस तरह लोगों को लालच देकर अपने जाल में फंसा लेते हैं। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के झांसे में न आएं और किसी भी लेन-देन से पहले पूरी जांच-पड़ताल अवश्य करें।
कुल मिलाकर, सूरजपुर पुलिस की इस कार्रवाई ने एक सक्रिय ठग गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिससे क्षेत्र में ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।