वृत्त सोनकच्छ एवं कन्नौद में आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई, अवैध मदिरा परिवहन व बिक्री पर कसा शिकंजा
देवास कलेक्टर ऋतुराज सिंह के निर्देशन में आबकारी विभाग ने वृत्त सोनकच्छ एवं कन्नौद क्षेत्र में अवैध मदिरा निर्माण, परिवहन और विक्रय के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया तथा कुल 5 प्रकरण दर्ज कर बड़ी मात्रा में मदिरा जब्त की।
UNITED NEWS OF ASIA.आदित्य देवदास, कलेक्टर देवास ऋतुराज सिंह के निर्देशन तथा सहायक आबकारी आयुक्त मनीष खरे के मार्गदर्शन में जिले के आबकारी वृत्त सोनकच्छ एवं कन्नौद क्षेत्र में अवैध मदिरा के निर्माण, विक्रय एवं परिवहन के विरुद्ध लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में दिनांक 31 जनवरी 2026 को आबकारी विभाग द्वारा दोनों वृत्तों में प्रभावी कार्रवाई करते हुए अवैध शराब कारोबारियों पर कड़ा शिकंजा कसा गया।
आबकारी वृत्त कन्नौद क्षेत्र में नीमखेड़ा रोड, ग्राम कोठड़ा के पास गश्त के दौरान एक आरोपी को स्प्लेंडर प्लस मोटर साइकिल से अवैध रूप से देशी मदिरा का परिवहन करते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। आरोपी के पास से 02 पेटी देशी मदिरा जब्त की गई। मामले में मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम के अंतर्गत प्रकरण पंजीबद्ध कर आरोपी को विधिवत गिरफ्तार किया गया है। जब्त सामग्री का अनुमानित मूल्य लगभग 75 हजार रुपये आंका गया है।
इसी दिन आबकारी वृत्त सोनकच्छ अंतर्गत ग्राम जलोदिया, पोलाई, बड़ी चुरलाई, बाबई, जलेरिया, खरिया साहू, गंजपुरा तथा सोनकच्छ बस स्टैंड क्षेत्र में आबकारी टीम द्वारा दबिश एवं गश्ती कार्रवाई की गई। इस दौरान अवैध मदिरा के भंडारण और विक्रय से जुड़े कुल 05 प्रकरण दर्ज किए गए।
कार्रवाई के दौरान टीम द्वारा 35 पाव देशी मदिरा एवं 40 लीटर हाथभट्टी मदिरा जब्त की गई। जब्त सामग्री का अनुमानित मूल्य लगभग 11 हजार रुपये बताया गया है। सभी मामलों में आबकारी अधिनियम के तहत आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
इस संयुक्त कार्रवाई में सहायक जिला आबकारी अधिकारी नीलेश पवार, आबकारी उप निरीक्षक प्रेम नारायण यादव, मुख्य आबकारी आरक्षक राजाराम रैकवार, आबकारी आरक्षक श्री बालकृष्ण जायसवाल, अरविंद जिनवाल, निहाल खत्री, विकास गौतम, भगवत परते, नगर सैनिक अनिल अकोदिया एवं अनिल चौहान सहित आबकारी विभाग का अमला उपस्थित रहा।
आबकारी विभाग द्वारा स्पष्ट किया गया है कि जिले में अवैध मदिरा निर्माण, परिवहन एवं बिक्री के विरुद्ध इस प्रकार की सघन कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी। प्रशासन का उद्देश्य अवैध शराब के कारोबार पर पूर्णतः अंकुश लगाना तथा आम नागरिकों के स्वास्थ्य और कानून-व्यवस्था की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।