महासभा के अध्यक्ष बोधन राम यादव ने बताया कि शोभायात्रा 6 सितंबर को सुबह 10 बजे पोलसायपारा से प्रारंभ होगी। यहां से शोभायात्रा लुचकी तालाब, चंडी चौक, शिवपारा, गवलीपारा, गांधी चौक, मोती कॉम्पलेक्स, पुराना बस स्टैंड, इंदिरा मार्केट और पंडरिया कॉम्पलेक्स होते हुए यादव छात्रावास, पंचशीलपारा, दुर्ग पहुंचेगी, जहां इसका समापन किया जाएगा। शोभायात्रा के दौरान शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों पर भगवान श्रीकृष्ण की झांकी और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
आयोजन में राऊत नाचा, धुमाल पार्टी, भगवान श्रीकृष्ण की मनमोहक झांकी तथा छत्तीसगढ़ी संस्कृति से जुड़ी विभिन्न विधाओं की प्रस्तुतियां विशेष आकर्षण रहेंगी। शोभायात्रा के माध्यम से समाज की परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित करने के साथ सामाजिक एकजुटता का संदेश देने का प्रयास किया जाएगा। आयोजन को लेकर अलग-अलग क्षेत्रों के समाजजनों द्वारा तैयारियां की जा रही हैं।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव, दुर्ग महापौर अलका बाघमार, पूर्व विधायक साजा लामचंद बाकना, पूर्व युवा भाजपा अध्यक्ष जीत हेमचंद यादव, भाजपा जिला अध्यक्ष सुरेन्द्र कौशिक, पार्षद राकेश सेन, पार्षद बबीता यादव सहित विभिन्न वार्डों के पार्षदों के शामिल होने की जानकारी दी गई है। शोभायात्रा की अध्यक्षता बोधन राम यादव करेंगे। आयोजन से पहले सर्किट हाउस रायपुर से बाइक रैली निकाले जाने की भी जानकारी दी गई है। इसके अलावा पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, भिलाई नगर विधायक देवेंद्र यादव, पूर्व विधायक धीरज बाकलीवाल, पूर्व अध्यक्ष खनिज विकास निगम गिरीश देवांगन और समाजसेवी राजेंद्र साहू के भी शोभायात्रा में शामिल होने की बात आयोजकों ने कही है।
शोभायात्रा के सफल आयोजन में 18 सर्किलों की भागीदारी रहेगी। इनमें दुर्ग नगर, मचपारा, कांटूलबोर्ड, पाटन, जामगांव, रानीतराई, धमधा, कोड़िया, भिलाई, गोंडी, खांडा, जेवरा सिरसा, नगपुरा, शिवकोकड़ी, चरौदा, रूआबांधा, केम्प-1 और भिलाई नगर शामिल हैं। आयोजकों के अनुसार सभी सर्किल आयोजन को सफल बनाने के लिए अपने स्तर पर तैयारियों में जुटे हुए हैं।
यादव महासभा के विभिन्न पदाधिकारी और समाज के वरिष्ठ सदस्य भी कार्यक्रम में मौजूद रहेंगे। आयोजन को लेकर जिला प्रशासन और नगर निगम के सहयोग की भी जानकारी दी गई है। महासभा ने जिलेवासियों और यादव समाज के सभी लोगों से अधिक से अधिक संख्या में शोभायात्रा में शामिल होने की अपील की है। आयोजकों का कहना है कि भगवान श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की यह शोभायात्रा धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता, भाईचारे और छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति का संदेश भी देगी। रविवार 6 सितंबर को होने वाले इस आयोजन को लेकर समाजजनों में उत्साह का माहौल है और तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।