महापौर मीनल चौबे ने जोन 1, 3 और 4 की समीक्षा बैठक में सफाई, जलभराव और अवैध निर्माण पर दिए सख्त निर्देश

रायपुर नगर निगम की महापौर मीनल चौबे ने जोन 1, 3 और 4 के पार्षदों एवं अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर सफाई व्यवस्था, जलभराव, पेयजल संकट, लंबित पेंशन प्रकरणों और अवैध निर्माणों पर नाराजगी जताई। उन्होंने समयबद्ध कार्रवाई और जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए।

Jul 28, 2026 - 16:50
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महापौर मीनल चौबे ने जोन 1, 3 और 4 की समीक्षा बैठक में सफाई, जलभराव और अवैध निर्माण पर दिए सख्त निर्देश

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l रायपुर नगर निगम की महापौर मीनल चौबे ने मंगलवार को नगर निगम के जोन क्रमांक 1, 3 और 4 में पार्षदों एवं अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर विभिन्न विकास कार्यों और नागरिक सुविधाओं की प्रगति का आकलन किया। बैठक के दौरान महापौर ने सफाई व्यवस्था, जलभराव, पेयजल संकट, लंबित पेंशन प्रकरणों और अवैध निर्माण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए तथा कई मामलों में नाराजगी भी व्यक्त की।

बैठक में महापौर ने वार्डों में सफाई व्यवस्था को संतोषजनक नहीं बताते हुए कहा कि नाले और नालियों की नियमित एवं तली तक सफाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि जहां सफाई कार्य में अवैध पाटे या अतिक्रमण बाधा बन रहे हैं, उन्हें नियमानुसार हटाकर जल निकासी की व्यवस्था सुचारु की जाए। उन्होंने अधिकारियों को पार्षदों के साथ समन्वय बनाकर प्राथमिकता के आधार पर इन कार्यों को पूरा करने के निर्देश दिए।

जलभराव की समस्या पर चर्चा करते हुए महापौर ने कहा कि जिन क्षेत्रों में हर वर्ष जलभराव की स्थिति बनती है, वहां स्थायी समाधान के लिए आवश्यकतानुसार नए नालों के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया जाए। साथ ही बड़े नालों में जल निकासी में बाधा बनने वाले अवरोधों को हटाकर बारिश के दौरान पानी की निकासी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

जोन क्रमांक 3 में पेयजल संकट को लेकर महापौर ने विशेष चिंता व्यक्त करते हुए अधिकारियों को शीघ्र प्रभावी कार्रवाई कर समस्या का समाधान करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि नागरिकों को पेयजल, स्ट्रीट लाइट और अन्य मूलभूत सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराना नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। इसके लिए नियमित मॉनिटरिंग और जवाबदेही तय करने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में लंबित पेंशन प्रकरणों की समीक्षा करते हुए महापौर ने कहा कि सभी लंबित मामलों का जल्द से जल्द निराकरण किया जाए, ताकि हितग्राहियों को बार-बार निगम कार्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें। पेंशन वितरण में आ रही समस्याओं को लेकर संबंधित बैंक को आवश्यकतानुसार नोटिस जारी करने और नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।

अवैध निर्माणों के संबंध में महापौर ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जिन निर्माणों को नियमानुसार तीन नोटिस जारी किए जा चुके हैं, उन पर बिना किसी विलंब के कार्रवाई की जाए। उन्होंने मुख्य मार्गों, पार्किंग स्थलों और यातायात में बाधा उत्पन्न करने वाले अवैध निर्माणों को प्राथमिकता से हटाने पर जोर दिया। साथ ही यह भी निर्देशित किया कि अवैध निर्माण की जानकारी मिलते ही प्रारंभिक स्तर पर कार्रवाई की जाए और निर्माण पूर्ण होने का इंतजार न किया जाए।

महापौर ने 5000 वर्गफुट से अधिक क्षेत्रफल वाले भूखंडों पर व्यावसायिक उपयोग के लिए पूर्णता प्रमाण पत्र जमा करना अनिवार्य करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि आवश्यक दस्तावेजों के बिना किसी भी प्रकरण का निराकरण नहीं किया जाए।

बैठक के अंत में महापौर ने सभी विभागों को समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा प्रत्येक कार्य की नियमित प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बेहतर समन्वय से ही नागरिकों की समस्याओं का प्रभावी समाधान संभव है तथा नगर निगम की प्राथमिक जिम्मेदारी शहरवासियों को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना है।