फूलों से सजी विधानसभा व घड़ी चौक देख अभिभूत हुए कृषि मंत्री रामविचार नेताम, पुष्प प्रदर्शनी को बताया प्रेरणादायी
रायपुर में प्रकृति की ओर सोसायटी द्वारा आयोजित फल-फूल-सब्ज़ी एवं पुष्प प्रदर्शनी में फूलों से निर्मित विधानसभा और घड़ी चौक आकर्षण का केंद्र बने। कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने प्रदर्शनी का भ्रमण कर इसकी सराहना की। नाबार्ड के तत्वावधान में आयोजित तकनीकी व्याख्यान कार्यक्रम में 300 से अधिक किसानों ने सहभागिता की।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर | में प्रकृति की ओर सोसायटी द्वारा आयोजित फल-फूल-सब्ज़ी एवं पुष्प प्रदर्शनी ने कृषि, बागवानी और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में एक नई मिसाल पेश की। दिनांक 10 जनवरी 2026 को आयोजित इस भव्य पुष्प प्रदर्शनी के अंतर्गत नाबार्ड के तत्वावधान में एक दिवसीय तकनीकी एवं विशेषज्ञ व्याख्यान कार्यक्रम का भी सफल आयोजन किया गया, जिसमें प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए लगभग 300 किसान, स्व-सहायता समूह, एनजीओ एवं एफपीओ प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि शीतांशु शेखर ने अपने संबोधन में बताया कि किस प्रकार नाबार्ड ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों के विकास हेतु वित्तीय सहायता प्रदान कर किसानों, स्व-सहायता समूहों और ग्रामीण उद्यमों को आत्मनिर्भर बना रहा है। विशेषज्ञ वक्ता अनंता शिंदे ने छत्तीसगढ़ में नाबार्ड द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी साझा की।
तकनीकी सत्र में डॉ. मेनका भारतीदासन ने माइक्रोग्रीन उत्पादन में व्यावसायिक संभावनाओं पर प्रकाश डाला, वहीं डॉ. जितेंद्र सिंह ने प्रोटेक्टेड कल्टीवेशन यानी संरक्षित खेती के लाभों को रेखांकित किया। डॉ. एल. एस. वर्मा ने पुष्प व्यवसाय की संभावनाओं पर जानकारी दी, जबकि डॉ. अनिल चौहान ने फल, फूल एवं पौधों की नर्सरी स्थापना के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने के व्यावहारिक उपाय बताए। उद्यानिकी विभाग सेकैलाश पैकरा ने शासन की विभिन्न योजनाओं से किसानों को मिलने वाले लाभों की जानकारी दी।
पुष्प प्रदर्शनी का विशेष आकर्षण फूलों से निर्मित विधानसभा और घड़ी चौक रहा, जिसे देखकर कृषि मंत्री रामविचार नेताम अभिभूत हो गए। उन्होंने सभी स्टॉलों का अवलोकन करते हुए प्रकृति की ओर सोसायटी द्वारा किए जा रहे प्रयासों को सराहनीय और प्रेरणादायी बताया। रायपुर की महापौर मीनल चौबे ने भी प्रदर्शनी का भ्रमण कर विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए।
कार्यक्रम का मंच संचालन डॉ. विजय जैन ने किया तथा संयोजन डॉ. जितेंद्र त्रिवेदी द्वारा किया गया। आयोजन की अध्यक्षता मोहन वर्ल्यानी और दलजीत बग्गा ने की। प्रकृति की ओर सोसायटी का यह आयोजन किसानों और आमजन को कृषि, बागवानी और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो रहा है।