केंद्रीय राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर से मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े की सौजन्य भेंट, महिला-बाल कल्याण पर हुई विस्तृत चर्चा
महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने केंद्रीय राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर से रायपुर प्रवास के दौरान सौजन्य भेंट की। इस दौरान महिलाओं और बच्चों के सशक्तिकरण, पोषण, सुरक्षा तंत्र और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर सकारात्मक चर्चा हुई।
UNITED NEWS OF ASIA . अमृतेश्वर सिंह, रायपुर | महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने केंद्रीय महिला एवं बाल विकास राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर के छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान रायपुर स्थित पहुना अतिथि गृह में उनसे सौजन्य भेंट की।
इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास से जुड़े विभिन्न जनकल्याणकारी विषयों पर सकारात्मक एवं विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में प्रदेश में महिलाओं और बच्चों के सशक्तिकरण को और अधिक प्रभावी बनाने, कुपोषण की समस्या पर नियंत्रण, पोषण स्तर में सुधार तथा सुरक्षा तंत्र को सुदृढ़ करने को लेकर विचार-विमर्श किया गया। दोनों मंत्रियों ने इस बात पर सहमति व्यक्त की कि केंद्र और राज्य सरकार के बीच बेहतर समन्वय से योजनाओं को अधिक परिणाममूलक बनाया जा सकता है।
भेंट के दौरान मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने प्रदेश में संचालित महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं की प्रगति से केंद्रीय राज्यमंत्री को अवगत कराया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार महिलाओं और बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि योजनाओं का लाभ वास्तविक हितग्राहियों तक समय पर पहुंचे। उन्होंने यह भी कहा कि जमीनी स्तर पर सतत मॉनिटरिंग के माध्यम से आंगनबाड़ी सेवाओं, पोषण कार्यक्रमों, किशोरियों और गर्भवती महिलाओं से जुड़ी योजनाओं को और बेहतर किया जा रहा है।
केंद्रीय राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर ने छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि महिला एवं बाल विकास से जुड़ी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए केंद्र सरकार हर संभव सहयोग प्रदान करेगी। उन्होंने महिला सुरक्षा, बाल संरक्षण और पोषण सुधार से संबंधित कार्यक्रमों को प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाने पर बल दिया।
इस अवसर पर वर्णिका शर्मा, अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ राज्य बाल संरक्षण आयोग भी उपस्थित रहीं। उन्होंने बाल संरक्षण से जुड़ी वर्तमान गतिविधियों, जागरूकता अभियानों और आयोग द्वारा की जा रही पहलों की जानकारी साझा की।
बैठक को महिला एवं बाल कल्याण के क्षेत्र में केंद्र-राज्य समन्वय को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिससे आने वाले समय में प्रदेश की महिलाओं और बच्चों को और अधिक सुरक्षित तथा सशक्त वातावरण उपलब्ध कराया जा सकेगा।