कोरिया में जमीन विवाद: ‘वंश वृक्ष’ में कथित हेरफेर और रजिस्ट्री पर उठे सवाल
कोरिया जिले के बैकुंठपुर तहसील के शंकरपुर गांव में भूमि विवाद का मामला सामने आया है, जहां ‘वंश वृक्ष’ और राजस्व रिकॉर्ड में कथित गड़बड़ी के आरोप लगे हैं। रजिस्ट्री प्रक्रिया और प्रशासनिक भूमिका पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
UNITED NEWS OF ASIA. महेंद्र शुक्ला, कोरिया। जिले के बैकुंठपुर तहसील अंतर्गत ग्राम शंकरपुर से एक भूमि विवाद का मामला सामने आया है, जिसने राजस्व रिकॉर्ड की पारदर्शिता और प्रशासनिक प्रक्रियाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, विवादित भूमि के संबंध में ‘वंश वृक्ष’ और राजस्व अभिलेखों में कथित गड़बड़ी की शिकायत की गई है। आरोप है कि त्रुटि सुधार प्रक्रिया के दौरान कुछ वारिसों के नाम रिकॉर्ड में दर्ज नहीं किए गए, जबकि वे जीवित हैं।
मामले की समय-रेखा (क्रोनोलॉजी) को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि फरवरी माह में त्रुटि सुधार के लिए आवेदन और पंचनामा की प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी, इसके बावजूद मार्च में उसी भूमि की रजिस्ट्री होने की बात सामने आई है। इससे राजस्व विभाग और रजिस्ट्री प्रक्रिया के बीच समन्वय को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
ग्रामीणों और संबंधित पक्षों का कहना है कि राजस्व संहिता की धारा 115 के तहत की गई कार्यवाही में पारदर्शिता की कमी रही है। उनका आरोप है कि वंशानुगत अधिकारों से जुड़े मामलों में सभी पक्षों को समान रूप से शामिल नहीं किया गया। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद क्षेत्र में असंतोष का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि भूमि विवाद जैसे संवेदनशील मामलों में यदि समय रहते निष्पक्ष जांच और कार्रवाई नहीं होती, तो इससे सामाजिक तनाव बढ़ सकता है।
प्रशासन से मांग की जा रही है कि मामले की गहन जांच कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जाए और यदि किसी स्तर पर अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
फिलहाल, यह मामला जिला प्रशासन के लिए एक महत्वपूर्ण परीक्षा के रूप में देखा जा रहा है, जहां निष्पक्ष और समयबद्ध कार्रवाई से ही आम लोगों का भरोसा कायम रह सकता है।