कबीरधाम में सख्त पुलिसिंग का असर: वर्ष 2025 में अपराधों में ऐतिहासिक गिरावट, जिला हुआ नक्सल-मुक्त
वर्ष 2025 में कबीरधाम पुलिस की सख्त, सुनियोजित और सतत कार्रवाई का सकारात्मक असर देखने को मिला है। जिले में अपराधों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई, नक्सल गतिविधियों का पूर्ण उन्मूलन हुआ और महिला सुरक्षा सहित कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. कबीरधाम। वर्ष 2025 कबीरधाम जिले के लिए कानून व्यवस्था और जनसुरक्षा के दृष्टिकोण से एक ऐतिहासिक वर्ष साबित हुआ है। सख्त पुलिसिंग, प्रभावी अपराध नियंत्रण रणनीति और निरंतर निगरानी के चलते जिले में अपराधों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। कबीरधाम पुलिस द्वारा पूरे वर्ष अपनाई गई सुनियोजित, सतत और पेशेवर कार्यप्रणाली का प्रत्यक्ष परिणाम यह रहा कि जिले में शांति, सुरक्षा और कानून व्यवस्था पहले से अधिक सुदृढ़ हुई है।
पुलिस आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2025 में जिले के समग्र अपराधों में पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 10 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई। हत्या जैसे जघन्य अपराधों में 10 प्रतिशत, हत्या के प्रयास में 57 प्रतिशत, लूट में 94 प्रतिशत, डकैती में 100 प्रतिशत और चोरी के मामलों में 43 प्रतिशत की कमी दर्ज होना पुलिस की प्रभावी रणनीति को दर्शाता है। संपत्ति संबंधी अपराधों में कुल मिलाकर 59 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, वहीं चोरी और लूट के मामलों में क्रमशः 56 प्रतिशत और 100 प्रतिशत संपत्ति की बरामदगी की गई।
कबीरधाम पुलिस की सबसे बड़ी उपलब्धियों में वर्ष 2025 के दौरान नक्सल नियंत्रण एवं उन्मूलन की ऐतिहासिक सफलता शामिल है। प्रभावी सुरक्षा रणनीति, सतत दबाव और जनसहयोग के चलते जिले में सक्रिय बोड़ला एरिया कमेटी, भोरमदेव एरिया कमेटी एवं कान्हा–भोरमदेव डिवीजन को पूर्णतः समाप्त कर दिया गया। इस दौरान चार इनामी नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर हिंसा का मार्ग छोड़ते हुए समाज की मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया। इन उपलब्धियों के आधार पर कबीरधाम जिले को नक्सल-मुक्त घोषित कर लेगेसी जिला की श्रेणी में शामिल किया गया।
महिला सुरक्षा के क्षेत्र में भी वर्ष 2025 एक महत्वपूर्ण पड़ाव साबित हुआ। जिले में महिला थाना का उद्घाटन किया गया, जिससे महिलाओं से जुड़े अपराधों की त्वरित रिपोर्टिंग, संवेदनशील जांच और शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित हुई। दहेज प्रताड़ना, शीलभंग और यौन अपराधों में क्रमशः 36 प्रतिशत और 42 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई, जो महिला सुरक्षा को लेकर पुलिस की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
वर्ष 2025 में जिले के सभी प्रमुख धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक आयोजनों को पूरी तरह शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराया गया। नवरात्रि के दौरान खप्पर यात्रा, जन्माष्टमी पर दही हांडी, गणेश पर्व, दशहरा, दीपावली, होली, ईद सहित सभी त्योहारों में अतिरिक्त पुलिस बल, सतत गश्त और प्रभावी यातायात प्रबंधन की व्यवस्था रही। इसके साथ ही पं. प्रदीप मिश्रा जी के विशाल धार्मिक आयोजन में लाखों श्रद्धालुओं की उपस्थिति के बावजूद कार्यक्रम पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा।
इसके अलावा, मादक पदार्थों और अवैध शराब के विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की गई। वर्ष 2025 में एनडीपीएस एक्ट के तहत 683.914 क्विंटल गांजा जप्त किया गया और 945.525 किलोग्राम गांजा का नष्टीकरण किया गया। आबकारी एक्ट के तहत अवैध शराब की जप्ती में 76 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
लगातार गश्त, संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी, त्वरित पुलिस प्रतिक्रिया और जनसहयोग के चलते वर्ष 2025 में जिले में कोई भी गंभीर कानून-व्यवस्था संबंधी घटना घटित नहीं होने दी गई। पुराने जघन्य अपराधों के सफल निराकरण और नए मामलों में त्वरित कार्रवाई ने आम नागरिकों के मन में पुलिस के प्रति भरोसा और अधिक मजबूत किया है।
कुल मिलाकर, वर्ष 2025 में कबीरधाम पुलिस की कार्यकुशलता, अनुशासन और प्रतिबद्धता ने जिले को शांति, सुरक्षा और कानून व्यवस्था का सशक्त उदाहरण बना दिया है।