स्वास्थ्य क्षेत्र में कुंडा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उन्नत किया जाएगा। मेडिकल कॉलेज कबीरधाम के संचालन के लिए आवश्यक सेटअप भी उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं समय पर मिल सकेंगी और गंभीर मरीजों को बाहर रेफर करने की आवश्यकता कम होगी।
सड़क अधोसंरचना को सुदृढ़ करने के लिए कवर्धा-खमरिया मार्ग के चौड़ीकरण और उन्नयन के लिए 23 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत लोरमी-पंडरिया रोड से सिंघनपुरी तथा रवेली रोड से जरती तक सड़क निर्माण कार्य शामिल है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों का संपर्क मजबूत होगा।
शिक्षा क्षेत्र में पंडरिया में नालंदा लाइब्रेरी का निर्माण किया जाएगा। लाइब्रेरी में करियर काउंसलिंग केंद्र भी स्थापित होगा, जिससे विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, मार्गदर्शन और अध्ययन सामग्री एक ही स्थान पर उपलब्ध होगी।
पेयजल आपूर्ति के लिए सुतियापाठ जलाशय से 54 और भीरा क्षीरपानी जलाशय से 66 गांवों में पानी उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है। यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की लंबे समय से चली आ रही समस्या का स्थायी समाधान देगी। वरिष्ठ नागरिकों के लिए जिला मुख्यालय में “सियान गुड़ी” डे-केयर सेंटर विकसित किया जाएगा, जिसमें स्वास्थ्य, देखभाल और सामाजिक सहभागिता की सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।
ड्राइविंग लाइसेंस प्रक्रिया को पारदर्शी और तेज बनाने के लिए कवर्धा में ऑटोमेटेड ड्राइविंग टेस्ट ट्रैक (ई-ट्रैक) स्थापित किया जाएगा। इससे ड्राइविंग टेस्ट मानकीकृत और तकनीक आधारित होंगे।
जिले के नागरिकों ने इस बजट का स्वागत करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा और वित्त मंत्री ओपी चौधरी के इस कदम से जिले के समग्र विकास को नई दिशा मिलेगी। बजट में किए गए कार्य आम नागरिकों के जीवन स्तर को सुधारने और विभिन्न वर्गों को लाभ पहुंचाने वाले हैं।
मुख्यमंत्री के नेतृत्व में यह बजट न केवल जिले बल्कि पूरे प्रदेश के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और अन्य क्षेत्रों में विकास की ठोस नींव साबित होगा। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा और पंडरिया विधायक भावना बोहरा द्वारा किए गए सुझावों को बजट में शामिल किया गया है, जिससे स्थानीय जरूरतों को प्राथमिकता मिली है।