BREAKING JASHPUR: नशे की हालत में ड्रेसिंग करने वाले जिला अस्पताल के वार्ड बॉय की सेवा समाप्त
जशपुर जिला अस्पताल में जीवनदीप समिति के तहत कार्यरत एक वार्ड बॉय का कथित रूप से नशे की हालत में मरीज की ड्रेसिंग करने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने कड़ी कार्रवाई की है। 28 अगस्त को वीडियो वायरल होने के बाद मामले की जांच कराई गई। जांच में संबंधित कर्मी द्वारा नशे की हालत में ड्रेसिंग संबंधी कार्य किए जाने की पुष्टि होने पर स्वास्थ्य विभाग ने आज उसकी सेवा समाप्त कर दी।
UNITED NEWS OF ASIA. लक्ष्मी जांगड़े, जशपुर l जशपुर जिला अस्पताल में कार्यरत जीवनदीप समिति के एक वार्ड बॉय की सेवा स्वास्थ्य विभाग ने समाप्त कर दी है। संबंधित कर्मी का कथित रूप से नशे की हालत में ड्रेसिंग करते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। वीडियो 28 अगस्त को सामने आने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया और जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठने लगे। स्वास्थ्य विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच कराई, जिसके बाद संबंधित कर्मी के खिलाफ कार्रवाई की गई।
स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें जिला अस्पताल जशपुर में जीवनदीप समिति के तहत कार्यरत वार्ड बॉय कथित तौर पर नशे की हालत में ड्रेसिंग से संबंधित कार्य करता दिखाई दे रहा था। वीडियो के वायरल होने के बाद अस्पताल की कार्यप्रणाली और मरीजों की सुरक्षा को लेकर विभिन्न सवाल उठाए गए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा वायरल वीडियो के संबंध में जांच की गई। जांच के दौरान प्राप्त तथ्यों और संबंधित मामले की परिस्थितियों का परीक्षण किया गया। जांच में यह पाया गया कि संबंधित कर्मी द्वारा नशे की हालत में ड्रेसिंग से संबंधित कार्य किया गया था।
स्वास्थ्य विभाग ने इस कृत्य को गंभीर मानते हुए संबंधित कर्मी के खिलाफ कार्रवाई की। विभाग के अनुसार नशे की हालत में अस्पताल में ड्यूटी करना और ड्रेसिंग जैसे मरीजों से जुड़े कार्य को इस स्थिति में करना सेवा नियमों के विपरीत है। इसे छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियमों के उल्लंघन के रूप में भी माना गया।
जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित जीवनदीप समिति के वार्ड बॉय की सेवा समाप्त करने का निर्णय लिया। इस कार्रवाई के बाद अस्पताल में कार्यरत कर्मचारियों के बीच भी जिम्मेदारी और अनुशासन को लेकर संदेश गया है।
स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े संस्थानों में मरीजों की सुरक्षा और बेहतर उपचार व्यवस्था सर्वोच्च प्राथमिकता होती है। ऐसे में ड्यूटी के दौरान किसी भी कर्मचारी द्वारा लापरवाही अथवा अनुशासनहीनता किए जाने पर विभाग द्वारा कार्रवाई की जा सकती है। जशपुर जिला अस्पताल से जुड़े इस मामले में भी विभाग ने वायरल वीडियो को संज्ञान में लेकर जांच के बाद कार्रवाई की है।
मामले के सामने आने के बाद जिला अस्पताल की कार्यप्रणाली को लेकर उठे सवालों के बीच स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विभाग ने जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर संबंधित कर्मी की सेवा समाप्त कर दी है।
यह मामला एक बार फिर अस्पतालों में ड्यूटी के दौरान कर्मचारियों की जिम्मेदारी, अनुशासन और मरीजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता को सामने लाता है। स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई से स्पष्ट है कि मरीजों से संबंधित कार्यों में लापरवाही या सेवा नियमों के उल्लंघन को गंभीरता से लिया जाएगा।