डोंगरगढ़: मां बम्लेश्वरी मंदिर का रोप-वे 16 से 27 फरवरी तक रहेगा बंद

डोंगरगढ़ स्थित मां बम्लेश्वरी मंदिर में संचालित रोप-वे मरम्मत एवं मेंटेनेंस कार्य के कारण 16 फरवरी से 27 फरवरी 2026 तक बंद रहेगा। श्रद्धालुओं से वैकल्पिक मार्ग से दर्शन करने की अपील की गई है।

Feb 14, 2026 - 18:02
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डोंगरगढ़: मां बम्लेश्वरी मंदिर का रोप-वे 16 से 27 फरवरी तक रहेगा बंद

UNITED NEWS OF ASIA . नेमिष अग्रवाल ,डोंगरगढ़। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल मां बम्लेश्वरी मंदिर में दर्शन के लिए उपयोग होने वाला रोप-वे आगामी कुछ दिनों तक बंद रहेगा। मंदिर ट्रस्ट समिति द्वारा जारी सूचना के अनुसार मरम्मत एवं नियमित मेंटेनेंस कार्य के चलते रोप-वे का संचालन 16 फरवरी 2026 (सोमवार) से 27 फरवरी 2026 (शुक्रवार) तक स्थगित रहेगा।

यह जानकारी मां बम्लेश्वरी मंदिर ट्रस्ट समिति द्वारा जारी की गई है। ट्रस्ट समिति ने स्पष्ट किया है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और रोप-वे की तकनीकी मजबूती को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है। निर्धारित अवधि में सभी आवश्यक तकनीकी जांच, मरम्मत एवं रखरखाव कार्य पूरे किए जाएंगे, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा या तकनीकी जोखिम की संभावना न रहे।

ट्रस्ट समिति के अनुसार, मेंटेनेंस कार्य पूर्ण होते ही रोप-वे का संचालन पुनः सामान्य रूप से प्रारंभ कर दिया जाएगा। इस दौरान रोप-वे से मंदिर तक आवागमन की सुविधा उपलब्ध नहीं रहेगी, इसलिए श्रद्धालुओं को वैकल्पिक मार्गों का उपयोग कर मंदिर दर्शन करना होगा।

मंदिर प्रशासन ने विशेष रूप से उन श्रद्धालुओं से अपील की है, जो दूर-दराज के क्षेत्रों से डोंगरगढ़ पहुंचने की योजना बना रहे हैं, वे यात्रा से पहले इस सूचना को ध्यान में रखें और दर्शन की योजना उसी अनुरूप तैयार करें। रोप-वे बंद रहने की अवधि में पैदल मार्ग एवं अन्य वैकल्पिक रास्तों से मंदिर पहुंचा जा सकता है।

मां बम्लेश्वरी मंदिर छत्तीसगढ़ के प्रमुख शक्तिपीठों में गिना जाता है और यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। विशेषकर सप्ताहांत, पर्व-त्योहारों और नवरात्रि जैसे अवसरों पर यहां भक्तों की भारी भीड़ रहती है। ऐसे में रोप-वे सुविधा बंद रहने से श्रद्धालुओं को कुछ असुविधा हो सकती है, लेकिन ट्रस्ट समिति ने इसे अस्थायी और आवश्यक कदम बताया है।

ट्रस्ट के अधिकारियों ने बताया कि रोप-वे के नियमित रखरखाव से न केवल इसकी कार्यक्षमता बनी रहती है, बल्कि यात्रियों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होती है। समय-समय पर तकनीकी निरीक्षण और आवश्यक मरम्मत कार्य कराना अनिवार्य होता है, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की तकनीकी खराबी या दुर्घटना की संभावना को रोका जा सके।

मंदिर ट्रस्ट समिति ने श्रद्धालुओं से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि रोप-वे बंद रहने की अवधि में धैर्य बनाए रखें और मंदिर प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। साथ ही, मंदिर दर्शन के दौरान व्यवस्था बनाए रखने तथा सुरक्षा नियमों का पालन करने में प्रशासन को सहयोग करें।

अधिक जानकारी अथवा किसी भी प्रकार की सहायता के लिए श्रद्धालु मां बम्लेश्वरी मंदिर ट्रस्ट समिति से सीधे संपर्क कर सकते हैं। ट्रस्ट ने भरोसा दिलाया है कि मेंटेनेंस कार्य पूर्ण होते ही रोप-वे सेवा को पूर्व की तरह सुचारू रूप से बहाल कर दिया जाएगा।