हाल ही में घोषित UPSC सिविल सेवा परीक्षा के परिणाम में डायमंड सिंह ध्रुव का चयन हुआ है। उन्होंने अपने पांचवें प्रयास में यह सफलता हासिल की, जो उनके धैर्य, मेहनत और संघर्ष का परिणाम है। UPSC की परीक्षा को भारत ही नहीं बल्कि विश्व की सबसे कठिन प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक माना जाता है। ऐसे में एक छोटे से गांव के युवा द्वारा यह उपलब्धि हासिल करना पूरे जिले के लिए गौरव की बात है।
डायमंड सिंह ध्रुव की इस उपलब्धि पर धमतरी के पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने उन्हें एसपी कार्यालय में सम्मानित किया। इस दौरान एसपी ने उन्हें शाल और श्रीफल भेंट कर बधाई दी तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने कहा कि यह पूरे धमतरी जिले के लिए गर्व और सम्मान का विषय है कि यहां के एक आदिवासी युवा ने UPSC जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा में सफलता प्राप्त की है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि केवल डायमंड सिंह ध्रुव या उनके परिवार की नहीं, बल्कि पूरे जिले की सफलता है।
उन्होंने आगे कहा कि डायमंड सिंह ध्रुव की मेहनत और संघर्ष की कहानी निश्चित रूप से अन्य युवाओं को प्रेरित करेगी। यदि स्थानीय युवा भी दृढ़ संकल्प और मेहनत के साथ तैयारी करें तो वे भी UPSC जैसी कठिन परीक्षाओं में सफलता हासिल कर सकते हैं और देश की सेवा करने का अवसर पा सकते हैं।
एसपी ने डायमंड सिंह ध्रुव से यह अपेक्षा भी व्यक्त की कि वे अपने अनुभवों को अन्य युवाओं के साथ साझा करें, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के अधिक से अधिक विद्यार्थी उच्च प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रेरित हो सकें। उन्होंने कहा कि समाज में ऐसे युवाओं की सफलता से सकारात्मक संदेश जाता है।
इस अवसर पर नगर पुलिस अधीक्षक अभिषेक चतुर्वेदी (IPS) भी मौजूद रहे। साथ ही डायमंड सिंह ध्रुव के बड़े पिता दिलीप सिंह ध्रुव, थाना प्रभारी मगरलोड लक्ष्मीकांत शुक्ला तथा पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित थे। सभी ने डायमंड सिंह ध्रुव को उनकी सफलता पर बधाई और शुभकामनाएं दीं।
डायमंड सिंह ध्रुव की सफलता ने यह साबित कर दिया है कि सीमित संसाधनों के बावजूद यदि लक्ष्य के प्रति समर्पण और निरंतर प्रयास किया जाए तो बड़ी से बड़ी मंजिल भी हासिल की जा सकती है। उनकी उपलब्धि निश्चित रूप से धमतरी जिले के युवाओं के लिए प्रेरणादायक उदाहरण बनकर सामने आई है