डागा बिल्डिंग के पास हुई हत्या का फरार आरोपी “जगीरा” गिरफ्तार, नागपुर तक पुलिस ने की तलाश
रायपुर के डागा बिल्डिंग के पास हुई हत्या के मामले में फरार आरोपी नदीम खान उर्फ जगीरा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार कंबल छीनने और मौके पर पेशाब करने की बात को लेकर विवाद हुआ था, जिसके बाद आरोपी ने पत्थर से वार कर जॉनी की हत्या कर दी और फरार हो गया। पुलिस ने नागपुर और आसपास के क्षेत्रों में पतासाजी के बाद आरोपी को रायपुर से गिरफ्तार किया।
UNITED NEWS OF ASIA. हसीब अख्तर, रायपुर l डागा बिल्डिंग के पास हुई हत्या के मामले में फरार आरोपी नदीम खान उर्फ जगीरा को रायपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार 23 जुलाई 2026 को डागा बिल्डिंग के सामने एक व्यक्ति के घायल अवस्था में पड़े होने की सूचना सिटी कोतवाली पुलिस को मिली थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने व्यक्ति को मृत पाया। मृतक की पहचान जॉनी के रूप में हुई थी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर में आई गंभीर चोटों को मौत का कारण बताया गया। मामले में थाना सिटी कोतवाली में अपराध क्रमांक 310/2026 के तहत धारा 103(1) बीएनएस में अपराध दर्ज कर जांच शुरू की गई।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए डीसीपी सेंट्रल जोन तारकेश्वर पटेल के निर्देश और अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त विवेक शुक्ला के मार्गदर्शन में जांच आगे बढ़ाई गई। एसीपी कोतवाली दीपक मिश्रा के सुपरविजन में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक सतीश सिंह गहरवार तथा ACCU/क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम ने घटनास्थल, सीसीटीवी फुटेज और संदिग्धों से पूछताछ के आधार पर जांच की।
जांच के दौरान आरोपी की पहचान नदीम खान उर्फ जगीरा, पिता स्वर्गीय हमीद खान, उम्र 40 वर्ष, निवासी कब्रिस्तान के बाजू, शहीद हमीद नगर, थाना सिटी कोतवाली, रायपुर के रूप में हुई।
पुलिस के अनुसार आरोपी डागा बिल्डिंग के पास खुले स्थान पर अन्य लोगों के साथ सोया करता था। घटना की रात मृतक जॉनी शराब के नशे में वहां पहुंचा था। पुलिस जांच में सामने आया कि कंबल छीनने और उसी स्थान पर पेशाब करने की बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ। विवाद बढ़ने पर आरोपी ने पास में पड़े पत्थर से जॉनी के सिर के पीछे कई बार वार किया। गंभीर चोट लगने के बाद जॉनी मौके पर गिरकर अचेत हो गया। इसके बाद आरोपी वहां से फरार हो गया।
पुलिस कार्रवाई की जानकारी मिलने के बाद आरोपी रायपुर से निकलकर नागपुर की ओर चला गया। पुलिस के मुताबिक आरोपी घूम-घूमकर भिक्षा मांगकर जीवन-यापन करता है और किसी एक स्थान पर स्थायी रूप से नहीं रहता था। इस वजह से उसकी तलाश पुलिस के लिए चुनौतीपूर्ण रही।
पुलिस टीम ने आरोपी की तलाश के लिए मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और नागपुर तथा आसपास के क्षेत्रों में भी पतासाजी की। जांच के दौरान जानकारी मिली कि आरोपी नागपुर एवं आसपास आयोजित होने वाले उर्स में शामिल होकर तथा मजारों के आसपास रुकता था।
कुछ समय बाद आरोपी हुलिया बदलकर दोबारा रायपुर लौट आया और अलग-अलग स्थानों पर भिक्षा मांगते हुए रहने लगा। पुलिस द्वारा लगातार सक्रिय किए गए सूचना तंत्र के जरिए उसके साथ रहने वाले अन्य भिक्षुओं से महत्वपूर्ण जानकारी मिली। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी की। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगा, लेकिन टीम ने पीछा कर उसे पकड़ लिया।
पुलिस के अनुसार पूछताछ के दौरान आरोपी ने घटना से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्यों की जानकारी दी। उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त पत्थर और अन्य भौतिक साक्ष्य बरामद किए गए। आरोपी नदीम खान उर्फ जगीरा को विधिवत गिरफ्तार कर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद न्यायालय के समक्ष रिमांड के लिए प्रस्तुत किया गया।
पुलिस टीम की भूमिका
आरोपी की पहचान करने, नागपुर और आसपास के क्षेत्रों में उसकी तलाश करने, सूचना जुटाने, घेराबंदी और गिरफ्तारी की कार्रवाई में प्रधान आरक्षक प्रेम सागर नेताम, आरक्षक मुकेश सिंह, आरक्षक कमार आलम, आरक्षक शिवराज बघेल और आरक्षक गिरिधर प्रजापति की उल्लेखनीय भूमिका रही।
पुलिस की कार्रवाई के बाद डागा बिल्डिंग के पास हुई हत्या के मामले में फरार आरोपी की तलाश पूरी हुई है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।