सचिव के अभाव में प्रभावित हुए थे काम
जानकारी के अनुसार, करीब तीन से चार महीने पहले जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी की ओर से पंचायत सचिवों के स्थानांतरण की प्रक्रिया की गई थी। इसी प्रक्रिया में ग्राम पंचायत पाला चौरई में पदस्थ सचिव चंद्रप्रकाश का स्थानांतरण कौवा झिरी किया गया, जबकि सविता ठाकुर को पाला चौरई ग्राम पंचायत का सचिव बनाया गया।
स्थानांतरण के बाद चंद्रप्रकाश के रिलीव होने के बावजूद सविता ठाकुर की नई पंचायत में ज्वाइनिंग तत्काल नहीं हो सकी। बताया गया कि उन्होंने न्यायालय से स्थगन आदेश लिया था। इसके चलते पंचायत में सचिव पद से जुड़े नियमित कार्य प्रभावित हुए।
कई मूलभूत सुविधाओं पर पड़ा असर
स्थानीय स्तर पर बताया गया कि सचिव की नियमित मौजूदगी नहीं होने के कारण पंचायत के निर्माण कार्यों के साथ-साथ पेयजल, बिजली, साफ-सफाई और आवश्यक प्रशासनिक लेन-देन जैसे कार्य भी प्रभावित हुए। इससे पंचायत क्षेत्र में व्यवस्थाओं को लेकर ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
ग्राम पंचायत पाला चौरई को क्षेत्र की बड़ी पंचायतों में शामिल बताया जाता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार पंचायत को शासन से मिलने वाली राशि के अलावा स्थानीय स्रोतों से भी आय प्राप्त होती है। इन संसाधनों का उपयोग पंचायत क्षेत्र में सड़क, नाली, पुलिया, साफ-सफाई, पेयजल, बिजली और अन्य विकास कार्यों के लिए किया जाता है।
सचिव के आने के बाद निर्माण कार्यों को मिली गति
जिला पंचायत के निर्देश के बाद सविता ठाकुर ने ग्राम पंचायत पाला चौरई में सचिव के रूप में कार्यभार ग्रहण किया। इसके बाद सरपंच मुकेश उईके के साथ पंचायत क्षेत्र में विभिन्न निर्माण कार्यों को शुरू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई।
पंचायत में सड़क, नाली और पुलिया सहित अन्य निर्माण कार्यों के लिए भूमि पूजन किए जाने के बाद काम शुरू होने की जानकारी है। पंचायत फंड में उपलब्ध राशि से विकास कार्यों को आगे बढ़ाने की बात भी सामने आई है।
ग्रामीणों में दिखा उत्साह
निर्माण कार्य दोबारा शुरू होने के बाद क्षेत्र में ग्रामीणों के बीच उत्साह का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पंचायत में विकास कार्यों के साथ-साथ रोजमर्रा की मूलभूत जरूरतों से जुड़े कई काम भी पंचायत की सक्रियता पर निर्भर रहते हैं।
अब सचिव की नियमित पदस्थापना और निर्माण कार्य शुरू होने से ग्रामीणों को उम्मीद है कि पंचायत क्षेत्र में रुके हुए विकास कार्य आगे बढ़ेंगे और पेयजल, बिजली, साफ-सफाई सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं में भी सुधार होगा। आने वाले समय में पंचायत स्तर पर स्वीकृत कार्यों के पूरा होने से ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर सुविधाएं मिलने की उम्मीद है।