बस्तर में विकास और देश में विश्वास स्थापित करेगी बस्तर तिरंगा यात्रा: विजय शर्मा

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बस्तर तिरंगा यात्रा को विकास, शांति और राष्ट्रविश्वास का प्रतीक बताया। 12 से 14 अगस्त तक नारायणपुर, दंतेवाड़ा और बीजापुर के विभिन्न इलाकों से गुजरने वाली यात्रा के दौरान शहीदों को श्रद्धांजलि दी जाएगी और 90 से अधिक गांवों में तिरंगा फहराया जाएगा।

Aug 12, 2026 - 10:55
Aug 12, 2026 - 11:13
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बस्तर में विकास और देश में विश्वास स्थापित करेगी बस्तर तिरंगा यात्रा: विजय शर्मा

UNITED NEWS OF ASIA. छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा है कि बस्तर में आयोजित होने वाली तिरंगा यात्रा विकास, शांति और देश में विश्वास का संदेश देगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर चल रहे हर घर तिरंगा अभियान के तहत 12 अगस्त से बस्तर संभाग में तीन दिवसीय बस्तर तिरंगा यात्रा शुरू होगी। विजय शर्मा ने पत्रकार वार्ता में यात्रा के मार्ग, उद्देश्य और बस्तर में बदलते हालात की जानकारी साझा की।

विजय शर्मा ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में माओवाद के खिलाफ चलाए गए अभियान के परिणाम अब बस्तर में दिखाई दे रहे हैं। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर बस्तर के दुर्गम और पूर्व में माओवाद प्रभावित रहे क्षेत्रों में भी राष्ट्रीय ध्वज पूरे सम्मान के साथ फहराया जाएगा। उन्होंने कहा कि 90 से अधिक ऐसे गांवों में इस बार पहली बार स्वतंत्रता दिवस पर तिरंगा लहराने की तैयारी है, जहां लंबे समय से भय और असुरक्षा का माहौल रहा।

बस्तर तिरंगा यात्रा 12 अगस्त को नारायणपुर से दोपहर 12 बजे शुरू होगी। विभिन्न गांवों से होते हुए लगभग 150 किलोमीटर की यात्रा के बाद यह दंतेवाड़ा पहुंचेगी। 13 अगस्त को दंतेवाड़ा से स्थानीय नागरिकों और जवानों के साथ यात्रा बीजापुर के लिए रवाना होगी। 14 अगस्त को बीजापुर से यात्रा आगे बढ़ते हुए आवापल्ली, उसूर, कलगम और ताड़पाला होते हुए कुर्रेगुटालू पहाड़ी तक पहुंचेगी, जहां यात्रा का समापन होगा।

यात्रा का एक प्रमुख उद्देश्य माओवादी हिंसा में जान गंवाने वाले ग्रामीणों और सुरक्षा बलों के जवानों को श्रद्धांजलि देना भी है। यात्रा के दौरान उन प्रमुख स्थानों पर पहुंचकर शहीदों को नमन किया जाएगा, जहां अतीत में हिंसक घटनाएं हुई थीं। चिंगावरम, एर्राबोर, मनीकोंटा और ताड़मेटला जैसे स्थानों को यात्रा में शामिल किया गया है। 15 अगस्त को विजय शर्मा झीरम घाटी पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि देंगे।

विजय शर्मा ने बताया कि यात्रा के दौरान शहीद जवानों और निर्दोष नागरिकों से जुड़े स्थानों की पवित्र मिट्टी एकत्र की जाएगी। इस मिट्टी का उपयोग रायपुर में प्रस्तावित शहीद स्मारक एवं संग्रहालय के निर्माण में किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर बस्तर संभाग के 500 से अधिक स्कूलों, चौराहों और सामुदायिक भवनों का नाम अमर बलिदानियों के नाम पर रखने की घोषणा की जाएगी।

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर तिरंगा यात्रा में स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी, युवा, जनजातीय समाज के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में आम नागरिक शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि यात्रा का उद्देश्य बस्तर की नई तस्वीर को देश के सामने रखना है, जहां विकास, सुरक्षा, राष्ट्रभक्ति और विश्वास के साथ एक नए भविष्य की नींव मजबूत हो रही है।