पुलिस के अनुसार, नाबालिग बालिका के गुम होने की सूचना मिलने पर बरगवां थाने में अपराध क्रमांक 657/2026 के तहत मामला दर्ज किया गया था। शिकायत के आधार पर पुलिस ने बालिका की तलाश शुरू करते हुए मामले की विवेचना की। जांच के दौरान पुलिस के सामने बालिका के अपहरण से संबंधित तथ्य सामने आए, जिसके बाद प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता की धारा 87 को जोड़ा गया।
विवेचना के दौरान पुलिस टीम ने तकनीकी एवं अन्य उपलब्ध सूचनाओं के आधार पर बालिका की तलाश की। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस को बालिका के छत्तीसगढ़ में होने की जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस टीम ने ग्राम मोहरसोप पहुंचकर बालिका को दस्तयाब किया और उसे सुरक्षित बरगवां थाना लाया गया। आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद बालिका को उसके परिजनों को सौंप दिया गया।
पुलिस ने मामले में आरोपी मनप्रसाद नाई उर्फ कप्तान ठाकुर, निवासी नवाटोला, थाना चांदनी-बिहारपुर, जिला सूरजपुर, छत्तीसगढ़ को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपी से पूछताछ और मामले की जांच के दौरान घटना में प्रयुक्त पल्सर मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 15 एफबी 4157 को भी जब्त किया है।
गिरफ्तार आरोपी को पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद न्यायालय के समक्ष पेश किया। न्यायालय के आदेश के बाद आरोपी को जिला जेल सिंगरौली भेज दिया गया। पुलिस द्वारा मामले में आगे की विवेचना और आवश्यक वैधानिक कार्रवाई जारी है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नाबालिग से संबंधित मामलों में पुलिस द्वारा प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। बरगवां थाना पुलिस ने बालिका की तलाश कर उसे सुरक्षित परिजनों तक पहुंचाने के साथ आरोपी की गिरफ्तारी की कार्रवाई की।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक शियाज के.एम., अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सर्वप्रिय सिन्हा के निर्देशन तथा एसडीओपी अमित कुमार के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पटेल के नेतृत्व में की गई। कार्रवाई में बरगवां थाना पुलिस टीम के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।