असम में कांग्रेस ने रायजोर दल से तोड़ा नाता, गठबंधन की मर्यादा उल्लंघन का लगाया आरोप

असम में कांग्रेस ने अखिल गोगोई के नेतृत्व वाले रायजोर दल के साथ अपने सभी राजनीतिक संबंध तत्काल प्रभाव से समाप्त करने का ऐलान किया है। कांग्रेस ने गठबंधन के नियमों और मर्यादा के कथित उल्लंघन को इस फैसले की वजह बताया है। पार्टी का आरोप है कि रायजोर दल के नेतृत्व ने कई मौकों पर कांग्रेस और विपक्षी गठबंधन में शामिल अन्य दलों के नेताओं के खिलाफ अनुचित टिप्पणियां कीं और कांग्रेस की छवि खराब करने का प्रयास किया।

Sep 3, 2026 - 16:12
 0  2
असम में कांग्रेस ने रायजोर दल से तोड़ा नाता, गठबंधन की मर्यादा उल्लंघन का लगाया आरोप

UNITED NEWS OF ASIA. असम l राजनीति में कांग्रेस और रायजोर दल के बीच गठबंधन को लेकर बड़ा बदलाव सामने आया है। कांग्रेस ने गुरुवार को अखिल गोगोई के नेतृत्व वाले रायजोर दल के साथ अपने सभी तरह के राजनीतिक गठबंधन संबंध तत्काल प्रभाव से समाप्त करने का ऐलान किया। पार्टी की ओर से जारी बयान के मुताबिक, यह फैसला असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गौरव गोगोई के निर्देश पर लिया गया है। कांग्रेस ने गठबंधन की मर्यादा और तय नियमों के कथित उल्लंघन को संबंध खत्म करने की प्रमुख वजह बताया है।

कांग्रेस के अनुसार, पिछले लोकसभा और विधानसभा चुनावों से पहले सांप्रदायिक ताकतों के खिलाफ विपक्षी दलों को एकजुट करने के उद्देश्य से रायजोर दल समेत कई क्षेत्रीय राजनीतिक दलों के साथ चुनावी गठबंधन किया गया था। पार्टी का कहना है कि गठबंधन के दौरान रायजोर दल के नेतृत्व की ओर से कई मौकों पर कांग्रेस के खिलाफ लगातार गलत प्रचार किया गया। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि इस तरह की गतिविधियों से पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रयास हुआ और गठबंधन की भावना प्रभावित हुई।

कांग्रेस ने अपने बयान में यह भी आरोप लगाया कि रायजोर दल के नेताओं ने विपक्षी गठबंधन में शामिल अन्य राजनीतिक दलों के नेताओं के खिलाफ भी बिना आधार, अनुचित और अपमानजनक टिप्पणियां कीं। पार्टी के मुताबिक, गठबंधन में शामिल दलों से आपसी सम्मान, समन्वय और निर्धारित राजनीतिक मर्यादाओं का पालन करने की अपेक्षा होती है। कांग्रेस का कहना है कि रायजोर दल के नेतृत्व के कथित व्यवहार के चलते अब उसके साथ राजनीतिक संबंध बनाए रखना संभव नहीं है।

इस पूरे घटनाक्रम पर रायजोर दल के नेतृत्व की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में कांग्रेस के आरोपों पर दूसरे पक्ष का रुख अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। कांग्रेस ने हालांकि यह स्पष्ट करने की कोशिश की है कि रायजोर दल से गठबंधन समाप्त करने का फैसला उसके व्यापक राजनीतिक एजेंडे या जनता से किए गए वादों से पीछे हटने का संकेत नहीं है। पार्टी ने कहा है कि गठबंधन खत्म होने के बावजूद वह अपने राजनीतिक वादों और प्रतिबद्धताओं पर कायम रहेगी।

असम की 126 सदस्यीय विधानसभा में कांग्रेस ने 19 सीटों पर जीत दर्ज की थी, जबकि रायजोर दल को दो सीटें मिली थीं। ऐसे में दोनों दलों के बीच राजनीतिक दूरी बढ़ने का असर राज्य में विपक्षी राजनीति और आगामी चुनावी रणनीतियों पर पड़ सकता है। कांग्रेस के इस फैसले के बाद विपक्षी दलों के बीच सीटों के तालमेल, आपसी समन्वय और भविष्य की रणनीति को लेकर भी नए समीकरण बन सकते हैं। हालांकि, इन संभावित राजनीतिक प्रभावों का वास्तविक स्वरूप आने वाले समय में ही स्पष्ट होगा।

कांग्रेस और रायजोर दल के बीच संबंध समाप्त करने का यह फैसला ऐसे समय आया है जब असम में विपक्षी राजनीति को लेकर लगातार चर्चाएं चल रही हैं। कांग्रेस ने अपने निर्णय के जरिए यह संदेश दिया है कि गठबंधन के भीतर अनुशासन और आपसी मर्यादा को लेकर वह समझौता करने के पक्ष में नहीं है। अब नजर रायजोर दल की संभावित प्रतिक्रिया और असम की आगे की राजनीतिक गतिविधियों पर रहेगी।