मनेंद्रगढ़ के 220 बिस्तरीय अस्पताल में पांच गंभीर बच्चों का सफल इलाज, 35 प्रतिशत झुलसी बच्ची की बचाई जान

मनेंद्रगढ़ के 220 बिस्तरीय चिकित्सालय में पांच गंभीर बाल मरीजों का सफल उपचार किया गया। चार बच्चों के हर्निया का सफल ऑपरेशन किया गया, जबकि 35 प्रतिशत तक झुलसी चार वर्षीय बच्ची का भी अस्पताल में ही सफल इलाज कर उसकी जान बचाई गई। अस्पताल प्रबंधन ने इसे चिकित्सकों की टीमवर्क और समर्पित सेवा का परिणाम बताया।

Jul 1, 2026 - 11:24
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मनेंद्रगढ़ के 220 बिस्तरीय अस्पताल में पांच गंभीर बच्चों का सफल इलाज, 35 प्रतिशत झुलसी बच्ची की बचाई जान

UNITED NEWS OF ASIA. जमील अंसारी, कोरिया l मनेंद्रगढ़ स्थित 220 बिस्तरीय चिकित्सालय में चिकित्सकों की दक्षता, समर्पण और टीमवर्क का उत्कृष्ट उदाहरण सामने आया है। अस्पताल में पांच गंभीर बाल मरीजों का सफल उपचार किया गया, जिनमें 5 से 10 वर्ष आयु के चार बच्चों के हर्निया का सफल ऑपरेशन शामिल है। वहीं लगभग 35 प्रतिशत तक झुलसी चार वर्षीय बच्ची का भी अस्पताल में ही सफल इलाज कर उसकी जान बचाई गई। उपचार के बाद सभी बच्चों की स्थिति सामान्य बताई गई है और उनके स्वास्थ्य में लगातार सुधार हो रहा है।

अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार गंभीर रूप से झुलसी चार वर्षीय बच्ची को उपचार के लिए अस्पताल लाया गया था। प्राथमिक जांच के दौरान जनरल सर्जन डॉ. राजीव गुप्ता ने उपलब्ध संसाधनों को देखते हुए बेहतर बर्न मैनेजमेंट सुविधा वाले उच्च चिकित्सा केंद्र में रेफर करने की सलाह दी थी। हालांकि परिजनों ने बच्ची का उपचार मनेंद्रगढ़ अस्पताल में ही कराने की इच्छा जताई और बाहर ले जाने से इनकार कर दिया।

बच्ची की गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉ. राजीव गुप्ता और उनकी टीम ने तत्काल उपचार शुरू किया। निरंतर निगरानी, वैज्ञानिक उपचार पद्धति और चिकित्सकीय समन्वय के माध्यम से बच्ची की हालत में लगातार सुधार हुआ। चिकित्सकों की मेहनत और समर्पित प्रयासों के चलते बच्ची का जीवन बचाने में सफलता मिली। यह उपलब्धि अस्पताल के लिए एक बड़ी चिकित्सकीय सफलता मानी जा रही है।

इसी दौरान अस्पताल में 5 से 10 वर्ष आयु के चार बच्चों के हर्निया के ऑपरेशन भी सफलतापूर्वक किए गए। चिकित्सकों के अनुसार समय पर सर्जरी होने से बच्चों को भविष्य में होने वाली गंभीर जटिलताओं से बचाया जा सकेगा। सभी ऑपरेशन सफल रहे और ऑपरेशन के बाद बच्चों की स्थिति संतोषजनक है। इससे यह भी साबित हुआ कि मनेंद्रगढ़ का 220 बिस्तरीय चिकित्सालय अब जटिल सर्जिकल मामलों के उपचार में भी लगातार बेहतर परिणाम दे रहा है।

अस्पताल अधीक्षक डॉ. स्वप्निल तिवारी ने बताया कि अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग कर मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम, आधुनिक चिकित्सा उपकरणों और समर्पित स्वास्थ्यकर्मियों के सहयोग से गंभीर मरीजों का भी सफल उपचार संभव हो रहा है। अस्पताल प्रबंधन भविष्य में भी बेहतर और प्रभावी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत रहेगा।

इस सफल उपचार में जनरल सर्जन डॉ. राजीव गुप्ता, एनेस्थेटिस्ट डॉ. एल.पी. मराबी, डॉ. फिरोज शेख, ओटी इंचार्ज पुष्पा पटेल, प्रियंका साहू, मुकेश शर्मा, आकांक्षा जायसवाल और संजय द्विवेदी सहित ऑपरेशन थिएटर की पूरी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार सभी मरीजों की लगातार निगरानी की गई और आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराई गईं।

इस सफलता के बाद क्षेत्रवासियों का अस्पताल पर विश्वास और मजबूत हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अब मनेंद्रगढ़ का 220 बिस्तरीय चिकित्सालय बच्चों के जटिल ऑपरेशन और गंभीर मामलों का भी सफलतापूर्वक उपचार कर रहा है, जिससे मरीजों को इलाज के लिए बड़े शहरों की ओर रुख करने की आवश्यकता कम होती जा रही है।