30 वर्षों बाद रोमानिया पहुंची भारतीय राष्ट्रपति, ऐतिहासिक प्रतिनिधिमंडल में शामिल रहे विजय बघेल

भारतीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की यूरोप के तीन देशों की ऐतिहासिक राजकीय यात्रा में शामिल सांसद विजय बघेल के छत्तीसगढ़ लौटने पर भव्य स्वागत किया गया। उन्होंने कहा कि इस यात्रा से भारत को व्यापार, निवेश, शिक्षा, प्रौद्योगिकी और रणनीतिक सहयोग के क्षेत्र में नए अवसर मिलेंगे।

Aug 4, 2026 - 14:45
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30 वर्षों बाद रोमानिया पहुंची भारतीय राष्ट्रपति, ऐतिहासिक प्रतिनिधिमंडल में शामिल रहे विजय बघेल

UNITED NEWS OF ASIA. रोहिताश सिंह भुवाल, दुर्ग l दुर्ग लोकसभा सांसद विजय बघेल भारतीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के नेतृत्व में यूरोप के तीन देशों—मोल्दोवा, उत्तर मैसेडोनिया और रोमानिया—की राजकीय यात्रा से लौटने के बाद छत्तीसगढ़ पहुंचे, जहां उनका भव्य स्वागत किया गया। स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट, रायपुर पर बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों और समर्थकों ने पुष्पवर्षा, माल्यार्पण और जयघोष के साथ उनका अभिनंदन किया। एयरपोर्ट से उनके निवास तक स्वागत रैली निकाली गई, जिसका विभिन्न स्थानों पर नागरिकों ने भी स्वागत किया।

निवास पहुंचने पर साजा विधायक ईश्वर साहू, महापौर अल्का वाघमारे, प्रीतपाल बेलचंदन, भाजपा जिलाध्यक्ष सुरेंद्र कौशिक, पुरुषोत्तम देवांगन सहित कई जनप्रतिनिधियों, पार्टी पदाधिकारियों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका सम्मान किया।

इस अवसर पर विजय बघेल ने कहा कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा बनकर तीन देशों की यात्रा करना उनके सार्वजनिक जीवन का गौरवपूर्ण अनुभव रहा। उन्होंने बताया कि इस यात्रा के दौरान व्यापार, निवेश, शिक्षा, प्रौद्योगिकी, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और रणनीतिक सहयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर उच्चस्तरीय चर्चा हुई। उनका कहना था कि इन बैठकों से भारत और संबंधित देशों के बीच संबंध और अधिक मजबूत होंगे तथा दोनों पक्षों को दीर्घकालिक लाभ मिलेगा।

उन्होंने कहा कि रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान इन देशों ने भारतीय विद्यार्थियों, विशेष रूप से मेडिकल शिक्षा प्राप्त कर रहे छात्रों की सहायता कर मानवीय संवेदनशीलता का परिचय दिया। यही सहयोग दोनों देशों के बीच मजबूत और भरोसेमंद संबंधों की आधारशिला बना है।

विजय बघेल ने इस दौरे को कई दृष्टियों से ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि लगभग 30 वर्षों बाद किसी भारतीय राष्ट्रपति ने रोमानिया की राजकीय यात्रा की है। वहीं, मोल्दोवा का दौरा करने वाली द्रौपदी मुर्मू पहली भारतीय राष्ट्रपति बनीं। उन्होंने बताया कि लोकसभा के तीन सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल में उन्हें भी शामिल होने का अवसर मिला। इस प्रतिनिधिमंडल में केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण राज्य मंत्री निमुबेन जयंतीभाई बांभनिया तथा राज्यसभा सांसद और उत्तर प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा सहित अन्य प्रतिनिधि भी शामिल थे।

उन्होंने विश्वास जताया कि इस राजकीय यात्रा के परिणामस्वरूप भारत को व्यापार, निवेश, शिक्षा, तकनीकी सहयोग, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और रणनीतिक साझेदारी के क्षेत्रों में नए अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने कहा कि वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ती भूमिका और मजबूत होती कूटनीतिक उपस्थिति ऐसे दौरों के माध्यम से और अधिक सुदृढ़ होगी। साथ ही इससे भारत और यूरोपीय देशों के बीच आर्थिक, शैक्षणिक और तकनीकी सहयोग को भी नई दिशा मिलेगी।