पर्यावरण संरक्षण में योगदान के लिए मोहन वर्ल्यानी सम्मानित, कर्मचारी संगठनों ने किया अभिनंदन

रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में विभिन्न कर्मचारी संगठनों ने पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्यों के लिए प्रकृति की ओर समिति के प्रदेश अध्यक्ष मोहन वर्ल्यानी का सम्मान किया। पौधारोपण, निशुल्क पौधा वितरण और पर्यावरण जागरूकता अभियानों में उनके योगदान की सराहना की गई।

Jul 27, 2026 - 12:40
 0  3
पर्यावरण संरक्षण में योगदान के लिए मोहन वर्ल्यानी सम्मानित, कर्मचारी संगठनों ने किया अभिनंदन

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l पर्यावरण संरक्षण और हरित अभियान को जन-जन तक पहुंचाने में उल्लेखनीय योगदान देने वाले प्रकृति की ओर समिति के प्रदेश अध्यक्ष मोहन वर्ल्यानी को रायपुर में विभिन्न कर्मचारी संगठनों द्वारा सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें पर्यावरण संरक्षण, पौधारोपण और आम नागरिकों को प्रकृति से जोड़ने के लिए लगातार किए जा रहे प्रयासों के लिए प्रदान किया गया।

छत्तीसगढ़ प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ कार्यालय में आयोजित सम्मान समारोह में प्रदेशभर से आए कर्मचारी संगठनों के पदाधिकारियों और सदस्यों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान मोहन वर्ल्यानी को स्मृति चिन्ह, पुष्पमाला और बुके भेंट कर सम्मानित किया गया। उपस्थित वक्ताओं ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है और समाज में ऐसे लोगों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है, जो बिना किसी स्वार्थ के हरियाली बढ़ाने और लोगों को प्रकृति के प्रति जागरूक करने का कार्य कर रहे हैं।

मोहन वर्ल्यानी लंबे समय से पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उनके नेतृत्व में विभिन्न स्थानों पर पर्यावरण जागरूकता कार्यशालाओं का आयोजन किया जाता है, जिनमें विद्यार्थियों, युवाओं और आम नागरिकों को पौधों के महत्व, जल संरक्षण और प्रकृति संरक्षण के प्रति जागरूक किया जाता है। इसके अलावा उन्होंने हजारों लोगों को निशुल्क पौधों का वितरण कर उन्हें पौधारोपण के लिए प्रेरित किया है।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने बताया कि मोहन वर्ल्यानी ने फ्लावर शो और मैंगो शो जैसे आयोजनों में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इन आयोजनों के माध्यम से लोगों को विभिन्न प्रजातियों के पौधों और फलों के संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया। साथ ही वे प्रति सप्ताह "पौधे और कलम बदलो अभियान" चलाकर लोगों के बीच पौधों के आदान-प्रदान की अनूठी पहल भी कर रहे हैं। इस अभियान से न केवल लोगों में बागवानी के प्रति रुचि बढ़ी है, बल्कि जैव विविधता के संरक्षण को भी बढ़ावा मिला है।

सम्मान समारोह में छत्तीसगढ़ पेंशनर फोरम के प्रांतीय संयोजक चंद्रिका सिंह, एक मांग एक मंच अभियान के प्रांतीय संयोजक करण सिंह अटेरिया, कोषालय कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र सिंह ठाकुर तथा विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रांतीय प्रवक्ता विद्याभूषण दुबे सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की आवश्यकता पर बल देते हुए मोहन वर्ल्यानी के कार्यों की सराहना की।

कार्यक्रम में मौजूद वक्ताओं ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों के बीच पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। ऐसे में मोहन वर्ल्यानी जैसे पर्यावरण प्रेमी समाज को सकारात्मक दिशा देने का कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों से बड़ी संख्या में लोग पौधारोपण और पर्यावरण संरक्षण अभियानों से जुड़ रहे हैं।

सम्मान प्राप्त करने के बाद मोहन वर्ल्यानी ने सभी कर्मचारी संगठनों और उपस्थित अतिथियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उनके लिए नई ऊर्जा और प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने, उनकी नियमित देखभाल करने और पर्यावरण संरक्षण को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने की अपील की।

कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ। उपस्थित सभी लोगों ने हरियाली बढ़ाने, जल संरक्षण को बढ़ावा देने और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं स्वस्थ पर्यावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया।