सेवा संकल्प अभियान और राष्ट्रीय पोषण माह की मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने की समीक्षा
महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने खैरागढ़ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सेवा संकल्प अभियान और 9वें राष्ट्रीय पोषण माह की गतिविधियों की समीक्षा की। उन्होंने प्रदेश के सभी जिलों में जनभागीदारी बढ़ाने, आंगनबाड़ी केंद्रों को पोषण और प्रारंभिक बाल विकास का प्रभावी केंद्र बनाने तथा संतुलित आहार, प्रोटीन और स्थानीय पोषण स्रोतों के उपयोग को बढ़ावा देने के निर्देश दिए।
UNITED NEWS OF ASIA. खैरागढ़ l महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने खैरागढ़ स्थित कलेक्ट्रेट सभाकक्ष से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से महिला एवं बाल विकास विभाग की विभागीय बैठक ली। बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग की प्रमुख सचिव शहला निगार, संचालक डॉ. रेणुका श्रीवास्तव सहित प्रदेश के सभी जिलों के जिला कार्यक्रम अधिकारी जुड़े। इस दौरान सेवा संकल्प अभियान और 9वें राष्ट्रीय पोषण माह के अंतर्गत प्रदेशभर में संचालित गतिविधियों की प्रगति की समीक्षा की गई। मंत्री ने दोनों अभियानों को अधिक प्रभावी बनाने और जनभागीदारी से जोड़ने के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
समीक्षा बैठक में लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का उद्देश्य जनसेवा की भावना को मजबूत करने के साथ समाज के प्रत्येक वर्ग को विकास और सेवा कार्यों से जोड़ना है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि अभियान की गतिविधियों को केवल विभागीय स्तर तक सीमित न रखा जाए, बल्कि अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने सेवा की भावना और अभियान के उद्देश्य को आमजन तक पहुंचाने के लिए स्थानीय स्तर पर व्यापक गतिविधियां संचालित करने के निर्देश दिए।
मंत्री ने 9वें राष्ट्रीय पोषण माह की गतिविधियों की समीक्षा करते हुए “हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेदारी” की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य के साथ-साथ प्रारंभिक बाल विकास तथा माताओं की देखभाल से जुड़ी गतिविधियों के प्रभावी केंद्र बनने चाहिए। इसके लिए आंगनबाड़ी केंद्रों पर संचालित गतिविधियों की नियमित निगरानी और उनकी गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।
उन्होंने बच्चों, माताओं और महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार के लिए आहार विविधता को बढ़ावा देने के निर्देश दिए। मंत्री ने पर्याप्त प्रोटीन, संतुलित आहार और स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पोषण स्रोतों के उपयोग को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्थानीय खाद्य सामग्री को दैनिक भोजन का हिस्सा बनाकर पोषण संबंधी जरूरतों को बेहतर तरीके से पूरा किया जा सकता है। पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए परिवार और समुदाय को भी अभियान से जोड़ना जरूरी है।
लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि पोषण संबंधी अभियानों की सफलता केवल महिला एवं बाल विकास विभाग की गतिविधियों पर निर्भर नहीं है। इसके लिए समुदाय की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के साथ जनप्रतिनिधियों, स्वयंसेवी संगठनों तथा स्थानीय समुदाय को जोड़कर पोषण जागरूकता की गतिविधियों को व्यापक स्वरूप देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जब परिवार और समाज मिलकर पोषण को प्राथमिकता देंगे, तभी अभियान का प्रभाव लंबे समय तक दिखाई देगा।
बैठक के दौरान प्रदेश के विभिन्न जिलों में संचालित पोषण एवं जनभागीदारी से जुड़ी गतिविधियों की प्रगति की जानकारी ली गई। अधिकारियों से आगामी दिनों में आयोजित होने वाली गतिविधियों और उनकी कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई। मंत्री ने जिलों में चल रहे अभियानों की नियमित निगरानी करने और निर्धारित गतिविधियों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सेवा संकल्प अभियान और राष्ट्रीय पोषण माह के उद्देश्यों एवं संदेश को प्रदेश के प्रत्येक गांव और परिवार तक पहुंचाया जाए। उन्होंने मैदानी अमले को स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार जनभागीदारी बढ़ाने वाली गतिविधियों पर जोर देने को कहा। बैठक में अभियान की प्रगति, पोषण जागरूकता और समुदाय की भागीदारी को मजबूत करने के साथ योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष चर्चा हुई।