रायपुर में 1 लाख फर्जी मतदाता का खुलासा, भाजपा की जीत का राज उजागर – कांग्रेस

प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने सांसद बृजमोहन अग्रवाल के "1 लाख फर्जी मतदाता" बयान को भाजपा की चुनावी साजिश का सबूत बताया। उन्होंने कहा कि रायपुर शहर में भाजपा की लगातार जीत का कारण मतदाता सूची में गड़बड़ी है, जिससे कांग्रेस के वोट चोरी किए गए। कांग्रेस ने चुनाव आयोग से जांच की मांग की है।

Nov 7, 2025 - 11:59
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रायपुर में 1 लाख फर्जी मतदाता का खुलासा, भाजपा की जीत का राज उजागर – कांग्रेस

 UNITED NEWS OF ASIA.अमृतेश्वर सिंह, रायपुर। रायपुर शहर में भाजपा की लगातार चुनावी जीत को लेकर एक बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। सांसद बृजमोहन अग्रवाल के “रायपुर में एक लाख फर्जी मतदाता” वाले बयान ने प्रदेश की राजनीति में हलचल मचा दी है। इस बयान पर पलटवार करते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि बृजमोहन अग्रवाल के इस बयान से कांग्रेस का आरोप पुख्ता हो गया है कि भाजपा फर्जी वोटरों के जरिए सत्ता हासिल करती रही है।

धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि बृजमोहन अग्रवाल, जो आठ बार के विधायक रहे हैं, का यह खुलासा बताता है कि रायपुर शहर की तीनों सीटों – दक्षिण, पश्चिम और उत्तर विधानसभा – में भाजपा की जीत का असली कारण मतदाता सूची में की गई गड़बड़ी है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने पिछले दो दशकों में रायपुर में फर्जी मतदाताओं को जोड़कर चुनाव परिणामों को प्रभावित किया।

कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि भाजपा के वरिष्ठ नेताओं – राजेश मूणत, श्रीचंद सुंदरानी और पुरन्दर मिश्रा – की जीत भी फर्जी वोटरों की मदद से हुई है। उन्होंने दावा किया कि इन नेताओं के परिजनों के नाम दो-दो विधानसभा क्षेत्रों में दर्ज हैं। ठाकुर ने कहा, “यह बृजमोहन अग्रवाल के बयान का ही प्रमाण है कि भाजपा ने चुनावी व्यवस्था को अपने पक्ष में करने के लिए सुनियोजित साजिश रची।”

उन्होंने आगे कहा कि भाजपा ने न केवल रायपुर बल्कि प्रदेश के अन्य शहरी इलाकों में भी मतदाता सूचियों में धांधली कराई। यही कारण है कि 2003 से 2018 तक भाजपा को शहरी क्षेत्रों में बढ़त मिलती रही, जबकि ग्रामीण इलाकों में उसे हार का सामना करना पड़ा।

धनंजय सिंह ठाकुर ने चुनाव आयोग से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि अगर रायपुर में एक लाख फर्जी मतदाता हैं, तो यह लोकतंत्र के साथ खिलवाड़ है और भाजपा की नैतिकता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।