जानकारी के अनुसार, 10 अप्रैल 2026 की रात करीब 11:45 बजे तपकरा थाना पुलिस ने मेन रोड पर नाकाबंदी कर वाहनों की सघन जांच शुरू की थी। इसी दौरान जशपुर से रायगढ़ की ओर जा रही वासुदेव यात्री बस को रोका गया। पुलिस को पहले से ही संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिली थी, जिसके आधार पर बस की गहन तलाशी ली गई।
तलाशी के दौरान बस की डिक्की में रखे झोलों की जांच की गई, जिसमें बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित Onrex कफ सिरप बरामद हुई। यह कफ सिरप नशीले पदार्थ के रूप में उपयोग की जाती है और इसके अवैध व्यापार पर सख्त प्रतिबंध है। बरामदगी के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए बस के ड्राइवर, कंडक्टर और खलासी को हिरासत में ले लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान भोला राम यादव (46 वर्ष), बसंत पटेल (33 वर्ष) और सतीश कुमार चौहान (45 वर्ष) के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि यह कफ सिरप बिहार के गया से लाया जा रहा था और इसे आगे सप्लाई किया जाना था। हालांकि, पुलिस इस मामले में अन्य संभावित आरोपियों और नेटवर्क की भी जांच कर रही है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 21(C) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है, जो मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े गंभीर मामलों में लागू होती है। इसके साथ ही तस्करी में इस्तेमाल की गई बस (क्रमांक CG-13-Q-1800) को भी जब्त कर लिया गया है।
इस कार्रवाई को लेकर पुलिस अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में नशा तस्करी पर सख्ती से रोक लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे की लत से बचाने और समाज को सुरक्षित रखने के लिए ऐसे अवैध कारोबार पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
तपकरा पुलिस की इस कार्रवाई से यह साफ हो गया है कि तस्कर अब नए-नए तरीकों का इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन पुलिस की सतर्कता और मुस्तैदी के चलते उनके मंसूबे नाकाम हो रहे हैं। आने वाले समय में भी पुलिस इस तरह के अपराधों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रखेगी।
इस घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और आम लोगों ने पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना की है। वहीं, पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क को उजागर करने के लिए आगे की जांच में जुटी हुई है।