कवर्धा शहर में यातायात सुधारने नगर पालिका का बड़ा फैसला, प्रमुख मार्ग होंगे नो-वेंडिंग जोन

कवर्धा शहर में बढ़ते यातायात दबाव और सड़क किनारे होने वाली व्यावसायिक गतिविधियों से हो रही परेशानी को देखते हुए नगर पालिका परिषद ने प्रमुख मार्गों को नो-वेंडिंग जोन घोषित करने की स्वीकृति दी है। चबूतरा, ठेला, गुमटी और अन्य यातायात बाधित करने वाली गतिविधियों को चिन्हांकित कर नियमानुसार हटाने की कार्रवाई की जाएगी।

Sep 7, 2026 - 19:33
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कवर्धा शहर में यातायात सुधारने नगर पालिका का बड़ा फैसला, प्रमुख मार्ग होंगे नो-वेंडिंग जोन

UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l शहर में लगातार बढ़ रहे यातायात दबाव और प्रमुख मार्गों पर सड़क घेरकर संचालित होने वाली व्यावसायिक गतिविधियों के कारण लोगों को हो रही परेशानी को देखते हुए नगर पालिका परिषद कवर्धा ने महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। परिषद की बैठक में चर्चा के बाद शहर के प्रमुख मार्गों के कुछ हिस्सों को नो-वेंडिंग जोन घोषित करने की स्वीकृति दी गई है। इसके साथ ही यातायात में बाधा बनने वाले चबूतरा, ठेला, गुमटी और अन्य अस्थायी व्यावसायिक संरचनाओं को चिन्हांकित कर नियमानुसार हटाने का निर्णय लिया गया है।

नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी ने बताया कि शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों पर व्यवसाय और व्यापार के लिए प्रतिबंधित क्षेत्र निर्धारित करने के प्रस्ताव पर चर्चा की गई। यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और नागरिकों के लिए सड़कों को सुगम बनाने के उद्देश्य से प्रस्तावित क्षेत्रों की समीक्षा की गई। समीक्षा के बाद कुछ क्षेत्रों को प्रस्ताव से हटाते हुए शेष क्षेत्रों को नो-वेंडिंग जोन घोषित करने की स्वीकृति दी गई है।

नगर पालिका के प्रस्ताव के अनुसार अंबेडकर चौक से सर्किट हाउस होते हुए हनुमंत वाटिका तक, अंबेडकर चौक से सिग्नल चौक तक, सिग्नल चौक से ऋषभ देव चौक तक, सिग्नल चौक से ठाकुर देव चौक तक और सिग्नल चौक से परशुराम झंडा चौक तक के मार्गों को फोकस क्षेत्र में रखा गया है। इसके अलावा दंतेश्वरी मंदिर जाने वाले मार्ग से मिनीमाता चौक तक के क्षेत्र को भी नो-वेंडिंग जोन के दायरे में शामिल किया गया है।

शहर के प्रमुख मार्गों पर कई जगह दुकानों के सामने चबूतरे, ठेले, गुमटियां और अन्य अस्थायी गतिविधियां सड़क के हिस्से तक फैल जाती हैं। इससे सड़क की उपलब्ध चौड़ाई कम होने के कारण वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है। पैदल चलने वाले लोगों को भी कई स्थानों पर परेशानी का सामना करना पड़ता है। व्यस्त समय में इन स्थानों पर यातायात का दबाव और बढ़ जाता है।

नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी ने कहा कि आम नागरिकों को बेहतर आवागमन की सुविधा देना नगर पालिका की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि सड़क और सार्वजनिक स्थानों का उपयोग इस तरह नहीं होना चाहिए जिससे यातायात प्रभावित हो या लोगों के आवागमन में बाधा आए। उन्होंने व्यापारियों और नागरिकों से भी अपील की कि वे सार्वजनिक स्थानों पर ऐसी गतिविधियां न करें, जिससे अन्य लोगों को परेशानी हो।

मुख्य नगर पालिका अधिकारी नारायण साहू ने बताया कि संबंधित क्षेत्रों का निरीक्षण कर यातायात प्रभावित करने वाली गतिविधियों को चिन्हांकित किया जाएगा। इसके बाद नियमों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। नगर पालिका का उद्देश्य प्रमुख मार्गों को व्यवस्थित रखना और सार्वजनिक स्थानों का बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित करना है।

नो-वेंडिंग जोन लागू होने के बाद प्रमुख मार्गों पर वाहनों की आवाजाही सुगम होने, पैदल यात्रियों को राहत मिलने और बाजार क्षेत्रों में यातायात दबाव कम होने की उम्मीद है। नगर पालिका द्वारा नागरिकों और व्यापारियों से नियमों का पालन करते हुए शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में सहयोग करने की अपील की गई है।