इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी की राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक सम्पन्न, सेवा गतिविधियों को और सशक्त बनाने पर जोर
इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी, छत्तीसगढ़ राज्य शाखा की राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक में सभी जिला शाखाओं के सेवा कार्यों की समीक्षा की गई। बैठक में रक्तदान, अंगदान, नेत्रदान, आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य जागरूकता और युवा स्वयंसेवा कार्यक्रमों को अधिक प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए गए। समाज में सेवा, संवेदना और मानवीय सहयोग की भावना को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी, छत्तीसगढ़ राज्य शाखा द्वारा प्रदेश के सभी जिला चेयरमैन एवं जिला सचिवों की राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का आयोजन छत्तीसगढ़ के राज्यपाल एवं इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी, छत्तीसगढ़ राज्य शाखा के अध्यक्ष के मार्गदर्शन तथा राज्य शाखा के चेयरमैन तोमन साहू की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। बैठक का मुख्य उद्देश्य राज्यभर में संचालित सेवा गतिविधियों की समीक्षा करना और उन्हें अधिक प्रभावी एवं जनहितकारी बनाना था।
बैठक में वाइस चेयरमैन रुपेश कुमार पाणिग्राही, कोषाध्यक्ष संजय पटेल, राष्ट्रीय प्रतिनिधि युवराज देशमुख, सचिव डॉ. रुपोल पुरोहित, राज्य प्रतिनिधियों सहित प्रदेश के सभी जिला चेयरमैन और पदेन जिला सचिव (मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी) उपस्थित रहे। सभी जिला शाखाओं द्वारा संचालित सेवा कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान वर्ष 2021-22 से 2025-26 तक के आय-व्यय विवरण, वर्तमान वित्तीय स्थिति, जिला शाखाओं के कार्यालयों की व्यवस्था, कर्मचारियों की उपलब्धता, संरक्षक एवं आजीवन सदस्यों की संख्या, सदस्यता शुल्क, जूनियर रेडक्रॉस (JRC) और यूथ रेडक्रॉस (YRC) के अंशदान, एम्बुलेंस एवं शव वाहन सेवाओं, ब्लड बैंक और वृद्धाश्रम संचालन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई।
बैठक में जिला शाखाओं को निर्देश दिए गए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में रक्तदान, अंगदान, नेत्रदान, प्राथमिक उपचार, आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य जागरूकता और युवा स्वयंसेवा जैसे कार्यक्रमों को जनभागीदारी के साथ और अधिक व्यापक स्तर पर संचालित करें। साथ ही सेवा गतिविधियों को समयबद्ध, पारदर्शी और प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।
बैठक में कहा गया कि रेडक्रॉस का उद्देश्य केवल सेवा प्रदान करना नहीं, बल्कि समाज में मानवता, करुणा, सहयोग और संवेदनशीलता की भावना को मजबूत करना है। किसी भी जरूरतमंद, पीड़ित या आपदा प्रभावित व्यक्ति तक बिना किसी भेदभाव के समय पर सहायता पहुंचाना रेडक्रॉस की मूल भावना है। इसी सेवा भाव के कारण रेडक्रॉस विश्व के सबसे बड़े मानवीय संगठनों में शामिल है।
इस अवसर पर प्रदेशवासियों से रेडक्रॉस की गतिविधियों से जुड़ने की अपील भी की गई। लोगों से नियमित रक्तदान करने, अंग एवं नेत्रदान के प्रति जागरूकता फैलाने, आपदा के समय स्वयंसेवक के रूप में आगे आने तथा जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए सदैव तत्पर रहने का आग्रह किया गया।
बैठक के समापन पर सभी जिला शाखाओं ने सेवा, संवेदना और समर्पण की भावना के साथ कार्य करने का संकल्प दोहराया। यह निर्णय लिया गया कि राज्य शाखा और सभी जिला शाखाएं समन्वित प्रयासों के माध्यम से सेवा कार्यों को नई गति देंगी और समाज के अंतिम व्यक्ति तक मानवीय सहायता पहुंचाने के अपने दायित्व का प्रभावी निर्वहन करेंगी। विशेष रूप से इस बात पर बल दिया गया कि जनभागीदारी के माध्यम से ही एक संवेदनशील, स्वस्थ और सशक्त समाज का निर्माण संभव है।