डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए हिर्री के शिक्षक मनोज कुमार साहू का राज्य शिक्षक पुरस्कार 2026 के लिए चयन
दुर्ग जिले के शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय हिर्री के शिक्षक मनोज कुमार साहू का डिजिटल एवं नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए राज्य शिक्षक पुरस्कार 2026 के लिए चयन हुआ है। उन्होंने तकनीक आधारित और बाल-केंद्रित शिक्षा को बढ़ावा देते हुए विद्यालय में कंप्यूटर एवं एआई लैब स्थापित कराने के साथ विद्यार्थियों को डिजिटल माध्यमों से सीखने के नए अवसर उपलब्ध कराए हैं।
UNITED NEWS OF ASIA. लोकेश्वर सिंह ठाकुर, दुर्ग l दुर्ग जिले के शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय हिर्री के शिक्षक मनोज कुमार साहू का डिजिटल एवं नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए राज्य शिक्षक पुरस्कार 2026 के लिए चयन किया गया है। उनके चयन की खबर से विद्यालय परिवार, ग्रामवासियों और जिले के शिक्षक समुदाय में खुशी का माहौल है। मनोज कुमार साहू ने विद्यालय में बच्चों को बेहतर, सरल और रुचिकर शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए पारंपरिक शिक्षण पद्धतियों के साथ आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग किया है। उनके प्रयासों का उद्देश्य विद्यार्थियों को बाल-केंद्रित और तकनीक आधारित शिक्षा से जोड़ना रहा है।
शिक्षक मनोज कुमार साहू ने बच्चों की सीखने की क्षमता और उनकी रुचि को ध्यान में रखते हुए कक्षा शिक्षण में डिजिटल संसाधनों का उपयोग किया। कठिन विषयों और अवधारणाओं को आसान तरीके से समझाने के लिए वे प्रोजेक्टर और अन्य डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल करते हैं। इससे विद्यार्थियों को विषयों को केवल किताबों के माध्यम से पढ़ने के बजाय उन्हें दृश्य और तकनीकी माध्यमों से समझने का अवसर मिलता है। डिजिटल शिक्षा के इस प्रयोग से कक्षा का वातावरण अधिक रोचक और बच्चों के अनुकूल बनाने में मदद मिली है।
विद्यालय में कंप्यूटर एवं एआई लैब की स्थापना भी मनोज कुमार साहू के प्रयासों की महत्वपूर्ण उपलब्धियों में शामिल है। आधुनिक समय में तकनीकी शिक्षा की बढ़ती जरूरत को देखते हुए उन्होंने विद्यार्थियों को कंप्यूटर और नई तकनीकों से परिचित कराने की दिशा में विशेष पहल की। एआई जैसी उभरती तकनीक के बारे में बच्चों को शुरुआती स्तर पर जानकारी और सीखने का अवसर मिलना उनके शैक्षणिक विकास के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को भी बदलती तकनीकी दुनिया के अनुरूप सीखने का अवसर मिल रहा है।
मनोज कुमार साहू के मार्गदर्शन में विद्यालय के विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय साधन-सह-प्रवीण्य छात्रवृत्ति परीक्षा यानी NMMSE में भी उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। अब तक विद्यालय के 24 विद्यार्थियों का चयन इस परीक्षा में हो चुका है। यह उपलब्धि विद्यालय में विद्यार्थियों की शैक्षणिक क्षमता को विकसित करने के साथ-साथ उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करने में शिक्षक के मार्गदर्शन की भूमिका को दर्शाती है। विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन, सही दिशा और आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराने के प्रयासों से उन्हें आगे बढ़ने का अवसर मिला है।
राज्य शिक्षक पुरस्कार 2026 के लिए मनोज कुमार साहू का चयन डिजिटल एवं नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उनके कार्यों की पहचान के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने तकनीक को केवल शिक्षण सामग्री के रूप में इस्तेमाल करने के बजाय बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने के माध्यम के रूप में अपनाया। कंप्यूटर और एआई लैब, प्रोजेक्टर आधारित शिक्षण तथा विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करने जैसे प्रयास उनके शैक्षणिक नवाचार का हिस्सा हैं।
शिक्षक के चयन पर शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय हिर्री के शिक्षकों और विद्यार्थियों में उत्साह है। ग्रामवासियों ने भी इसे विद्यालय और क्षेत्र के लिए गौरव की बात बताया है। जिले के शिक्षक समुदाय में भी मनोज कुमार साहू के चयन को सकारात्मक उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। राज्य शिक्षक पुरस्कार 2026 के लिए उनका चयन शिक्षा में तकनीक और नवाचार के उपयोग को प्रोत्साहित करने वाली पहल के रूप में भी महत्वपूर्ण है।