जनदर्शन कार्यक्रम में कुल 32 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें आर्थिक सहायता, आवास, भर्ती प्रक्रिया, बैंकिंग समस्याओं, अभिलेख सुधार, मानदेय भुगतान और छात्रवृत्ति से जुड़े मामले प्रमुख रूप से शामिल रहे। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण किया जाए और आवेदकों को समय पर समाधान की जानकारी भी दी जाए।
कार्यक्रम के दौरान Potiyadih ग्राम की निवासी राधा साहू ने आर्थिक सहायता प्रदान करने के संबंध में आवेदन दिया। वहीं Bhatheli निवासी लक्ष्मी ने रात्रि के समय उनकी झोपड़ी तोड़े जाने की शिकायत करते हुए आवास उपलब्ध कराने की मांग की।
इसी प्रकार Nagri की प्रियंका गिरी ने आंगनबाड़ी भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए आवेदन प्रस्तुत किया। इसके अलावा Rengadih निवासी भगवानी राम साहू ने आपराधिक सूची से नाम हटाने की मांग की, जबकि Kareli Chhoti की गिरजा बाई साहू ने अभिलेख दुरुस्त करने के लिए आवेदन दिया।
इसी क्रम में Mujgahan निवासी पूर्णिमा धरमिन साहू ने लंबित मानदेय भुगतान और अनुभव प्रमाण पत्र जारी करने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत किया। वहीं Bhendarwani निवासी मुकेश कुमार ने बैंक प्रकरण में अनावश्यक विलंब की शिकायत करते हुए त्वरित समाधान की मांग की।
जनदर्शन में Nonihal Scholarship Scheme का लाभ दिलाने से संबंधित आवेदन भी प्राप्त हुए। इसके अलावा बिजली, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं भी नागरिकों द्वारा कलेक्टर के समक्ष रखी गईं, जिन पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कलेक्टर अविनाश मिश्रा ने कहा कि आमजन की समस्याओं का समयबद्ध समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनदर्शन में प्राप्त प्रत्येक आवेदन की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और सुनिश्चित किया जाए कि आवेदकों को समाधान की जानकारी समय पर मिल सके।
जनदर्शन कार्यक्रम प्रशासन और आम नागरिकों के बीच संवाद का एक महत्वपूर्ण माध्यम है, जिसके जरिए लोग सीधे अपनी समस्याएं जिला प्रशासन के समक्ष रख सकते हैं। जिला प्रशासन का प्रयास है कि जनदर्शन के माध्यम से लोगों की समस्याओं का शीघ्र और प्रभावी समाधान किया जा सके, जिससे शासन की योजनाओं का लाभ वास्तविक रूप से आमजन तक पहुंच सके।