बालोद में 30 जुलाई को महतारी वंदन वृक्षारोपण अभियान, 2.45 लाख महिलाओं से पौधरोपण की अपील
बालोद जिला प्रशासन 30 जुलाई को वृहद वृक्षारोपण अभियान के तहत महतारी वंदन वृक्षारोपण अभियान आयोजित करेगा। महतारी वंदन योजना की 2.45 लाख महिला हितग्राहियों सहित जिलेवासियों से पर्यावरण संरक्षण के लिए पौधरोपण कर अभियान में सहभागी बनने की अपील की गई है।
UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l बालोद जिला प्रशासन द्वारा 30 जुलाई को आयोजित वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम के अंतर्गत महतारी वंदन वृक्षारोपण अभियान का आयोजन किया जाएगा। इस विशेष अभियान में महतारी वंदन योजना से लाभान्वित लगभग 2 लाख 45 हजार महिलाओं के साथ-साथ जिले के सभी नागरिकों से अधिक से अधिक पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की गई है।
जिला प्रशासन के इस अभियान को जिले के जनप्रतिनिधियों का भी व्यापक समर्थन मिला है। उन्होंने इसे पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए समाज के सभी वर्गों से अभियान को सफल बनाने का आग्रह किया है। अभियान के तहत महिलाएं अपने घर, आंगन, खेत, शासकीय भूमि, पंचायत भवन, आंगनबाड़ी केंद्र और अन्य उपयुक्त स्थानों पर पौधरोपण करेंगी।
जिला पंचायत उपाध्यक्ष तोमन साहू ने कहा कि पर्यावरण का संरक्षण और संवर्धन प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा जल संरक्षण और वृक्षारोपण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से चलाए जा रहे अभियानों को जनभागीदारी के माध्यम से और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। उन्होंने महतारी वंदन योजना से लाभान्वित सभी महिलाओं से 30 जुलाई को "एक पेड़ मां के नाम" अभियान के तहत अनिवार्य रूप से पौधा लगाने का आग्रह किया।
नगर पालिका परिषद बालोद की अध्यक्ष प्रतिभा चौधरी ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना की हितग्राही महिलाओं को केवल पौधरोपण ही नहीं, बल्कि लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल का भी संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक महिला एक पौधे को वृक्ष बनने तक संरक्षित करेगी तो जिले में हरियाली बढ़ेगी और पर्यावरण संरक्षण को नई दिशा मिलेगी।
नगर पालिका परिषद के उपाध्यक्ष कमलेश सोनी ने कहा कि 30 जुलाई को सुबह 11 बजे आयोजित होने वाला यह अभियान केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामाजिक जागरूकता का भी संदेश देगा। उन्होंने जिले की सभी महिलाओं, युवाओं और बालिकाओं से इस अभियान में भाग लेने और अधिक से अधिक पौधरोपण करने की अपील की।
पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष राकेश यादव ने भी इस अभियान को आने वाली पीढ़ियों के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति अपने घर, बाड़ी, खेत, पंचायत भवन, आंगनबाड़ी केंद्र अथवा अन्य उपयुक्त स्थान पर अपनी मां या बच्चों के नाम पर एक पौधा अवश्य लगाए। उनका कहना था कि आज लगाया गया एक पौधा भविष्य में पर्यावरण संरक्षण की मजबूत नींव बनेगा।
जिला प्रशासन ने अभियान को सफल बनाने के लिए व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। सभी पंचायतों तक पौधे निःशुल्क पहुंचाए जाएंगे ताकि लोगों को पौधरोपण में किसी प्रकार की कठिनाई न हो। प्रशासन ने यह भी बताया कि पौधरोपण के बाद यदि हितग्राही अपने लगाए गए पौधे के साथ सेल्फी निर्धारित लिंक पर अपलोड करेंगे तो उन्हें पर्यावरण संरक्षण में योगदान के लिए प्रमाण-पत्र भी प्रदान किया जाएगा।
जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे 30 जुलाई को आयोजित इस महाअभियान में सहभागी बनकर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अपना योगदान दें। प्रशासन का मानना है कि जनभागीदारी से ही हरित और स्वच्छ भविष्य का निर्माण संभव है तथा यह अभियान आने वाली पीढ़ियों के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण बनेगा।