छत्तीसगढ़ में उन्नत हृदय उपचार की ऐतिहासिक पहल: रायपुर में SVH हार्ट फेल्योर क्लिनिक व हार्ट ट्रांसप्लांट विभाग का शुभारंभ
श्री वेंकटेश सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, रायपुर में एमजीएम हेल्थकेयर चेन्नई के सहयोग से हार्ट फेल्योर क्लिनिक एवं हार्ट ट्रांसप्लांट विभाग का शुभारंभ हुआ। यह छत्तीसगढ़ के मरीजों के लिए उन्नत, सुलभ और विश्वस्तरीय हृदय उपचार की दिशा में एक बड़ा कदम है।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह,रायपुर | छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज करते हुए कमल विहार स्थित वेंकटेश सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल (SVH), रायपुर में अपने द्वितीय स्थापना दिवस के अवसर पर हार्ट फेल्योर क्लिनिक एवं हार्ट ट्रांसप्लांट विभाग का शुभारंभ किया गया। यह पहल एमजीएम हेल्थकेयर, चेन्नई के सहयोग से शुरू की गई है, जिससे राज्य में उन्नत हृदय चिकित्सा सेवाओं का एक नया अध्याय जुड़ गया है।
इस नई सुविधा के आरंभ होने से अब गंभीर हार्ट फेल्योर से पीड़ित मरीजों को इलाज के लिए महानगरों की ओर रुख नहीं करना पड़ेगा। इससे मरीजों का समय, खर्च और मानसिक तनाव तीनों में उल्लेखनीय कमी आएगी। रायपुर में हार्ट ट्रांसप्लांट सेवाओं की उपलब्धता क्षेत्रीय तृतीयक कार्डियक केयर के लिए एक मील का पत्थर मानी जा रही है।
वेंकटेश हॉस्पिटल पहले से ही छत्तीसगढ़ में अत्याधुनिक कार्डियक एवं क्रिटिकल केयर सेवाएं प्रदान कर रहा है। मात्र दो वर्षों में अस्पताल में 1500 से अधिक सफल हृदय शल्यक्रियाएं की जा चुकी हैं, जिनमें से लगभग 90 प्रतिशत सर्जरी मिनिमली इनवेसिव कार्डियक सर्जरी तकनीक से संपन्न हुई हैं। इससे राज्य के मरीजों को अपने ही क्षेत्र में विश्वस्तरीय उपचार का लाभ मिल रहा है।
उद्घाटन समारोह में एमजीएम हेल्थकेयर, चेन्नई से डॉ. के. आर. बालाकृष्णन (डायरेक्टर – हार्ट एवं लंग ट्रांसप्लांट), डॉ. अंकिता कुलकर्णी सहित प्रबंधन टीम उपस्थित रही। डॉ. बालाकृष्णन ने बताया कि छत्तीसगढ़ की मेडिकल टीम को चेन्नई में संरचित प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि रायपुर में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप हार्ट ट्रांसप्लांट और एडवांस हार्ट फेल्योर मैनेजमेंट विकसित किया जा सके।
डॉ. निशांत सिंह चंदेल, डायरेक्टर एवं सीटीवीएस सर्जन ने कहा कि यह विभाग राज्य के लोगों के लिए एक सपने के साकार होने जैसा है। वहीं कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. कमलकांत आदिले ने इसे हार्ट फेल्योर और कम हार्ट पंपिंग क्षमता वाले मरीजों के लिए “गेम चेंजर” बताया।
विशेषज्ञों ने यह भी बताया कि बहु-विषयक देखभाल, मजबूत पल्मोनरी एवं क्रिटिकल केयर सपोर्ट के साथ यह यूनिट छत्तीसगढ़ और पड़ोसी राज्यों के मरीजों के लिए नई उम्मीद बनेगी। यह पहल न केवल चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार है, बल्कि राज्य के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक नए युग की शुरुआत भी है।