पीएम-आशा योजना: दलहन-तिलहन उपार्जन के लिए कृषक पंजीयन की अंतिम तिथि 20 अप्रैल
बेमेतरा जिले में प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान (पीएम-आशा) के तहत दलहन एवं तिलहन फसलों की खरीदी MSP पर की जा रही है। अब तक 10,327 क्विंटल उपार्जन हो चुका है। पंजीयन की अंतिम तिथि 20 अप्रैल 2026 निर्धारित की गई है, जिसके पहले किसानों को सहकारी समितियों में पंजीयन कराना अनिवार्य है।
UNITED NEWS OF ASIA. अरुण पुरेना l बेमेतरा जिले के किसानों के लिए महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है। बेमेतरा जिला प्रशासन ने बताया है कि प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान (पीएम-आशा) के अंतर्गत दलहन एवं तिलहन फसलों की खरीदी न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर की जा रही है। इस योजना के तहत सोयाबीन, अरहर, चना, मसूर एवं सरसों जैसी प्रमुख फसलों को शामिल किया गया है, जिससे किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य सुनिश्चित हो सके।
जिला प्रशासन के अनुसार, जिले में अब तक कुल 10,327 क्विंटल फसलों का उपार्जन किया जा चुका है। यह आंकड़ा किसानों की सक्रिय भागीदारी और शासन की योजनाओं के प्रति उनके भरोसे को दर्शाता है। प्रशासन ने इसे किसानों और सरकार के बीच मजबूत सहयोग का परिणाम बताया है।
20 अप्रैल है अंतिम तिथि
जिन कृषक बंधुओं ने अभी तक पंजीयन नहीं कराया है, उनके लिए यह अंतिम अवसर है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पीएम-आशा योजना के अंतर्गत फसल बेचने के लिए पंजीयन कराना अनिवार्य है। इसके लिए अंतिम तिथि 20 अप्रैल 2026 निर्धारित की गई है। किसानों से अपील की गई है कि वे समय रहते अपनी संबंधित सहकारी समिति में जाकर पंजीयन की प्रक्रिया पूर्ण करें।
गिरदावरी संशोधन की सुविधा भी उपलब्ध
यदि किसी किसान की गिरदावरी (फसल रिकॉर्ड) में किसी प्रकार का संशोधन आवश्यक है, तो उन्हें भी सुविधा प्रदान की गई है। ऐसे किसान अपने क्षेत्र के पटवारी एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी से संपर्क कर सकते हैं। उनसे फसल रकबा सत्यापन प्रमाण पत्र प्राप्त कर पंजीयन प्रक्रिया को पूरा किया जा सकता है। इससे यह सुनिश्चित होगा कि किसान सही जानकारी के आधार पर योजना का लाभ उठा सकें।
किसानों को मिलेगा उचित मूल्य
पीएम-आशा योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य सुनिश्चित करना है, ताकि बाजार में उतार-चढ़ाव का सीधा असर किसानों की आय पर न पड़े। यह योजना विशेष रूप से छोटे और सीमांत किसानों के लिए लाभकारी साबित हो रही है, जो अक्सर उचित कीमत नहीं मिलने के कारण आर्थिक नुकसान झेलते हैं।
प्रशासन की अपील
जिला प्रशासन, बेमेतरा ने सभी किसानों से आग्रह किया है कि वे अंतिम तिथि का विशेष ध्यान रखें और जल्द से जल्द पंजीयन कराएं। समय सीमा के भीतर पंजीयन कराने से ही किसान इस लाभकारी योजना का पूरा लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
अंततः, यह योजना किसानों की आय को सुरक्षित करने और कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। किसानों की सक्रिय भागीदारी से ही इस योजना की सफलता सुनिश्चित हो सकेगी।