नाबालिग वाहन चालकों पर चिरमिरी पुलिस की सख्ती, स्कूलों में सड़क सुरक्षा और नशा मुक्ति अभियान
चिरमिरी पुलिस ने नाबालिग वाहन चालकों पर रोक लगाने और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से स्कूलों में विशेष अभियान चलाया। विद्यार्थियों को यातायात नियमों, नशा मुक्ति और 18 वर्ष से पहले वाहन नहीं चलाने की शपथ दिलाई गई।
UNITED NEWS OF ASIA. जमील अंसारी, कोरिया l सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण, नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने की बढ़ती प्रवृत्ति पर रोक लगाने और युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के उद्देश्य से चिरमिरी पुलिस ने विशेष जनजागरूकता अभियान शुरू किया है। पुलिस अधीक्षक एमसीबी के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं नगर पुलिस अधीक्षक चिरमिरी के मार्गदर्शन में थाना चिरमिरी पुलिस लगातार विभिन्न विद्यालयों में पहुंचकर छात्र-छात्राओं को सड़क सुरक्षा, यातायात नियमों और नशा मुक्ति के प्रति जागरूक कर रही है।
इसी अभियान के तहत थाना प्रभारी विजय सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने डीएवी पब्लिक स्कूल, बड़ी बाजार स्थित शासकीय विद्यालय सहित अन्य स्कूलों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। कार्यक्रम में चिरमिरी नगर पालिक निगम के महापौर रामनरेश राय विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा केवल पुलिस या प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने विद्यार्थियों से 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने से पहले किसी भी प्रकार का वाहन नहीं चलाने और अपने परिवार के सदस्यों को भी यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
थाना प्रभारी विजय सिंह ने विद्यार्थियों को बताया कि 18 वर्ष से कम आयु में वाहन चलाना कानूनन अपराध है। उन्होंने मोटर वाहन अधिनियम की धारा 199ए की जानकारी देते हुए बताया कि यदि कोई नाबालिग वाहन चलाते हुए पकड़ा जाता है, तो वाहन स्वामी या अभिभावक पर 25 हजार रुपये तक का जुर्माना, तीन वर्ष तक की सजा और अन्य वैधानिक कार्रवाई की जा सकती है। इसके अलावा संबंधित नाबालिग को निर्धारित अवधि तक ड्राइविंग लाइसेंस भी जारी नहीं किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने, ट्रैफिक संकेतों का सम्मान करने तथा लापरवाही से वाहन नहीं चलाने की सलाह दी। साथ ही विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी देते हुए समझाया गया कि नशा व्यक्ति के स्वास्थ्य, भविष्य और समाज तीनों के लिए नुकसानदायक है। छात्रों से नशे से दूर रहने और अपने दोस्तों व परिवार के लोगों को भी जागरूक करने की अपील की गई।
कार्यक्रम के अंत में सभी छात्र-छात्राओं को सड़क सुरक्षा एवं नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। विद्यार्थियों ने संकल्प लिया कि वे 18 वर्ष की आयु पूरी होने से पहले वाहन नहीं चलाएंगे, बिना हेलमेट दोपहिया वाहन का उपयोग नहीं करेंगे, सभी यातायात नियमों का पालन करेंगे तथा किसी भी प्रकार के नशे से दूर रहेंगे। साथ ही उन्होंने अपने परिवार और समाज को भी सुरक्षित यातायात एवं नशा मुक्त जीवन के लिए प्रेरित करने का वचन दिया।
चिरमिरी पुलिस ने अभिभावकों से भी अपील की है कि वे अपने नाबालिग बच्चों को किसी भी परिस्थिति में वाहन न चलाने दें। पुलिस ने स्पष्ट किया कि वर्तमान में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है, लेकिन इसके बाद नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर सख्त चालानी कार्रवाई और कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
चिरमिरी पुलिस का यह अभियान सुरक्षित यातायात, जिम्मेदार नागरिकता और नशा मुक्त समाज के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। अभियान को जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, अभिभावकों और आम नागरिकों का भी सकारात्मक सहयोग मिल रहा है, जिससे सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ने की उम्मीद है।