पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर आरंग थाना प्रभारी निरीक्षक नरेश साहू के नेतृत्व में पुलिस टीम क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि सफेद रंग की आर्टिका कार क्रमांक CG 04 QB 5200 में ग्राम गुल्लू स्थित शराब दुकान से बड़ी मात्रा में शराब लेकर रानीसागर की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने तत्काल बताए गए मार्ग पर निगरानी बढ़ाई और रानीसागर हनुमान मंदिर के पास घेराबंदी कर संदिग्ध कार को रोक लिया।
कार की तलाशी लेने पर पुलिस को 160 नग पाव देशी मसाला शराब मिली। पुलिस के अनुसार बरामद शराब की मात्रा 28.800 बल्क लीटर है और इसकी कीमत करीब 16 हजार रुपये बताई गई है। शराब के साथ तस्करी में इस्तेमाल की जा रही कार को भी पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया। कार्रवाई में शराब और वाहन समेत कुल 8 लाख 16 हजार रुपये का सामान जब्त किए जाने की जानकारी पुलिस ने दी है। मामले में जब्त शराब को आगे की कानूनी प्रक्रिया के तहत रखा गया है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में अमोदी निवासी शासकीय शिक्षक एवं संकुल समन्वयक तिरीत राम बांधे, गुल्लू निवासी शराब दुकान सुपरवाइजर उबारन दास पुरेना, कोडापार निवासी शराब दुकान सेल्समैन राजेश काटले और परसवानी निवासी शराब दुकान मल्टी-वर्कर सुरेश बांधे शामिल हैं। इनके अलावा परसवानी निवासी वाहन चालक भरत रात्रे तथा अमोदी निवासी दिलीप कुमार कुर्रे और भागवत बारले को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज किया है।
आरंग पुलिस के मुताबिक प्रारंभिक जांच में सरकारी शराब दुकान से शराब की अवैध तरीके से आपूर्ति किए जाने की आशंका सामने आई है। पुलिस इस पूरे मामले में आरोपियों की भूमिका और शराब की सप्लाई से जुड़े अन्य लोगों के संबंध में जानकारी जुटा रही है। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि शराब कहां से लाई गई, किन लोगों तक पहुंचाई जानी थी और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं।
थाना प्रभारी नरेश साहू ने बताया कि सरकारी शराब दुकान के कर्मचारियों की कथित भूमिका की भी जांच की जा रही है। मामले में शिक्षक एवं संकुल समन्वयक की गिरफ्तारी के बाद संबंधित विभागीय स्तर पर भी मामला चर्चा में आया है। हालांकि आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया और जांच के आधार पर ही होगी। पुलिस ने कहा है कि अवैध शराब के कारोबार और तस्करी के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
इस कार्रवाई से आरंग क्षेत्र में शराब की अवैध सप्लाई को लेकर पुलिस की निगरानी और सख्ती का संकेत मिला है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाने में लगी है। मामले में आगे की जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर अतिरिक्त कार्रवाई की जा सकती है।