राजौरी में LeT से जुड़े OGW नेटवर्क का भंडाफोड़, 3 संदिग्ध गिरफ्तार; जांच में IED बरामद

जम्मू-कश्मीर की राजौरी पुलिस ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े कथित ओवर ग्राउंड वर्कर नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई करते हुए तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक जांच के दौरान एक आरोपी की निशानदेही पर IED बरामद किया गया। आरोपियों पर पीर पंजाल क्षेत्र में सक्रिय आतंकियों को लॉजिस्टिक सहायता, सुरक्षित आवाजाही और अन्य जमीनी मदद उपलब्ध कराने का संदेह है। मामले में आतंकियों से संपर्क और नेटवर्क की भूमिका की जांच जारी है।

Sep 15, 2026 - 09:39
Sep 15, 2026 - 09:43
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राजौरी में LeT से जुड़े OGW नेटवर्क का भंडाफोड़, 3 संदिग्ध गिरफ्तार; जांच में IED बरामद

UNITED NEWS OF ASIA. जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में पुलिस ने आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े कथित ओवर ग्राउंड वर्कर यानी OGW नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले में तीन संदिग्ध मददगारों को गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान एक आरोपी की निशानदेही पर IED भी बरामद किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि उनका संपर्क किन आतंकियों और अन्य संदिग्ध लोगों से था तथा नेटवर्क किस तरह से काम कर रहा था।

पुलिस के अनुसार, पीर पंजाल क्षेत्र में सक्रिय एक आतंकी मॉड्यूल की जांच के दौरान यह कार्रवाई सामने आई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान राजौरी के कोटचरवाल तेरीयाथ निवासी जाकिर हुसैन और मोहम्मद आजम तथा उधन गांव निवासी मोहम्मद मुश्ताक के रूप में बताई गई है। पुलिस का आरोप है कि ये लोग क्षेत्र में सक्रिय आतंकियों को अलग-अलग प्रकार की जमीनी और लॉजिस्टिक सहायता उपलब्ध कराने में कथित तौर पर शामिल थे।

जांच के दौरान पुलिस को एक आरोपी से मिली जानकारी के आधार पर IED बरामद हुआ। सुरक्षा एजेंसियां अब इस बात की जांच कर रही हैं कि बरामद विस्फोटक किस उद्देश्य से रखा गया था और इसका संबंध किसी आतंकी गतिविधि से था या नहीं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां बरामद सामग्री तथा आरोपियों के कथित संपर्कों की विस्तृत जांच कर रही हैं। इस दौरान किसी संभावित आतंकी साजिश या नेटवर्क की कड़ियों का पता लगाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।

पुलिस की जांच में यह भी सामने आने की बात कही गई है कि आरोपी कथित तौर पर गाइड की भूमिका निभाते थे। आरोप है कि वे आतंकियों की सुरक्षित आवाजाही में मदद करते थे और उन्हें पीर पंजाल क्षेत्र से कश्मीर घाटी की ओर जाने में सहायता उपलब्ध कराते थे। हालांकि इन आरोपों की पूरी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटा रही है।

जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि गिरफ्तार आरोपियों का संपर्क हाल में हुई आतंकी घटनाओं या नागरिकों को निशाना बनाए जाने वाले हमलों में संदिग्ध रूप से शामिल लोगों से था या नहीं। पुलिस अब आरोपियों के संपर्कों, आवाजाही और कथित गतिविधियों से जुड़ी जानकारियों को खंगाल रही है। इससे आतंकी नेटवर्क की संभावित कड़ियों को समझने में मदद मिलने की उम्मीद है।

एक अधिकारी के मुताबिक पीर पंजाल क्षेत्र में सक्रिय आतंकी नेटवर्क के खिलाफ यह कार्रवाई सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि गिरफ्तार संदिग्धों से पूछताछ और आगे की जांच जारी है। एजेंसियां यह भी जांच कर रही हैं कि आरोपियों ने कथित तौर पर किन लोगों को सहायता उपलब्ध कराई और उनका नेटवर्क कितना व्यापक था। फिलहाल मामले में गिरफ्तारियों और IED बरामदगी के बाद सुरक्षा एजेंसियों की जांच आगे बढ़ रही है।