बाढ़ और जलभराव वाले क्षेत्रों में लगेंगे विशेष स्वास्थ्य शिविर, कलेक्टर ने दिए निगरानी और उपचार के निर्देश

सिंगरौली कलेक्टर गौरव बैनल की अध्यक्षता में समय-सीमा की बैठक में अतिवृष्टि और बाढ़ से उत्पन्न परिस्थितियों की समीक्षा की गई। प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने, जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने तथा पेयजल स्रोतों की जांच और ब्लीचिंग कराने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य विभाग को विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाने और पशु चिकित्सा विभाग को प्रभावित क्षेत्रों में पशुओं के स्वास्थ्य की निगरानी करने के निर्देश दिए गए।

Aug 25, 2026 - 08:29
 0  2
बाढ़ और जलभराव वाले क्षेत्रों में लगेंगे विशेष स्वास्थ्य शिविर, कलेक्टर ने दिए निगरानी और उपचार के निर्देश

UNITED NEWS OF ASIA. आदर्श तिवारी, सिंगरौली l कलेक्टर गौरव बैनल की अध्यक्षता में जिला कार्यालय में समय-सीमा की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में हाल ही में हुई अतिवृष्टि और उससे उत्पन्न बाढ़ एवं जलभराव की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने तथा परिस्थितियों के अनुसार तत्काल आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।

कलेक्टर ने कहा कि बाढ़ और जलभराव वाले क्षेत्रों में प्रशासन की प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। ऐसे क्षेत्रों में लगातार स्थिति पर नजर रखी जाए और आवश्यकता पड़ने पर प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की व्यवस्था की जाए। उन्होंने अधिकारियों को राहत एवं बचाव से संबंधित व्यवस्थाओं को सक्रिय रखने के निर्देश भी दिए।

बैठक में पेयजल व्यवस्था को लेकर भी विशेष निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग और नगर निगम के अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में पेयजल स्रोतों की नियमित सैंपलिंग कराने, पानी की गुणवत्ता की जांच करने तथा आवश्यकता के अनुसार ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने साफ और सुरक्षित पेयजल की उपलब्धता को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।

स्वास्थ्य विभाग को बाढ़ एवं जलभराव से प्रभावित क्षेत्रों में विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए गए। इन शिविरों के माध्यम से लोगों की स्वास्थ्य जांच, आवश्यक उपचार और दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग को संभावित मौसमी एवं जलजनित बीमारियों को देखते हुए प्रभावित क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश भी दिए।

पशु चिकित्सा विभाग को भी बाढ़ प्रभावित इलाकों में पशुओं के स्वास्थ्य की नियमित निगरानी करने के लिए कहा गया। प्रभावित क्षेत्रों में पशुओं के लिए आवश्यक चिकित्सा सुविधा और उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

समय-सीमा की बैठक में सीएम हेल्पलाइन, जनसुनवाई, मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं और विभागीय कार्यों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को प्राप्त शिकायतों और आवेदनों का निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों के निराकरण में अनावश्यक देरी या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।

बैठक के दौरान कलेक्टर ने सभी विभागों के अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए बाढ़, जलभराव और अतिवृष्टि से प्रभावित नागरिकों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने तथा जिले में स्वास्थ्य और पेयजल व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए।