वर्चुअल NQAS मूल्यांकन के दौरान मूल्यांकनकर्ता मो. मैनुद्दीन शेख और जयप्रदा गुंडापुनेनी ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर मोढ़े की विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं और गुणवत्ता मानकों का विस्तृत आकलन किया। टीम ने स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं, मरीजों को दी जा रही सेवाओं, रिकॉर्ड संधारण, दवाइयों एवं उपकरणों की उपलब्धता, संक्रमण नियंत्रण व्यवस्था, स्वच्छता और मरीजों की सुविधा से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली। निर्धारित मानकों के आधार पर केंद्र की कार्यप्रणाली और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता का परीक्षण किया गया।
मूल्यांकन प्रक्रिया के दौरान आयुष्मान आरोग्य मंदिर मोढ़े की सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी जागृति पटेल और ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक कामेश्वर राजवाड़े ने सक्रिय भूमिका निभाई। दोनों स्वास्थ्यकर्मियों ने आवश्यक दस्तावेज, रजिस्टर, रिकॉर्ड और स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित जानकारी मूल्यांकन टीम के समक्ष प्रस्तुत की। केंद्र में संचालित विभिन्न गतिविधियों और स्वास्थ्य सेवाओं को निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप प्रस्तुत करने में उनका महत्वपूर्ण योगदान रहा।
वर्चुअल NQAS मूल्यांकन को व्यवस्थित और सुचारू रूप से संपन्न कराने में बेमेतरा जिले के आंतरिक मूल्यांकनकर्ता डोमन लाल यादव और चिंताराम साहू का भी विशेष सहयोग रहा। उनके मार्गदर्शन, तकनीकी सहयोग और पूर्व तैयारी से मूल्यांकन प्रक्रिया को बेहतर तरीके से पूरा करने में सहायता मिली। जिला स्तर से RMNCH समन्वयक हिना वर्मा और राहुल राय भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शरद कोहाड़े की उपस्थिति और मार्गदर्शन भी इस प्रक्रिया में महत्वपूर्ण रहा। उन्होंने कहा कि NQAS मूल्यांकन केवल किसी स्वास्थ्य केंद्र की भौतिक सुविधाओं या दस्तावेजों की जांच तक सीमित नहीं है, बल्कि यह स्वास्थ्य सेवाओं को गुणवत्तापूर्ण, सुरक्षित, व्यवस्थित, जवाबदेह और मरीज-केंद्रित बनाने की निरंतर प्रक्रिया का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्तर पर गुणवत्ता मानकों को अपनाने से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को बेहतर प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान जिले के विभिन्न आयुष्मान आरोग्य मंदिरों से जुड़े सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी और ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक भी उपस्थित रहे। इनमें हेमराज, CHO नगपुरा, रेणुका साहू, CHO नवागांवकला, मुकुल आनंद, CHO कुरदा, देवेंद्र कुमार वर्मा, CHO पचभैया, होमेश नेताम, RHO पछभैया और लोचन सोनी, RHO नवागांवकला सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मियों की सहभागिता रही।
स्वास्थ्य विभाग से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों ने कहा कि NQAS जैसी गुणवत्ता मूल्यांकन प्रक्रिया किसी एक व्यक्ति के प्रयास का परिणाम नहीं होती, बल्कि इसमें पूरी स्वास्थ्य टीम, विभागीय अधिकारियों और समुदाय की सामूहिक भूमिका रहती है। निरंतर गुणवत्ता सुधार, टीमवर्क और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने से स्वास्थ्य संस्थानों की सेवाओं को और बेहतर बनाया जा सकता है।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर मोढ़े में संपन्न हुआ वर्चुअल NQAS मूल्यांकन बेमेतरा जिले में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे स्वास्थ्य संस्थानों में गुणवत्ता की संस्कृति विकसित करने और ग्रामीण जनता को सुरक्षित, व्यवस्थित एवं बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयासों को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।