रील बाज तुकाराम के मिल पर ₹2.10 करोड़ का घोटाला
कवर्धा जिले के गंडईकला स्थित श्री राम राइस मिल को लेकर प्रशासनिक जांच में स्टॉक संबंधी अनियमितताओं का उल्लेख किया गया है। कारण बताओ नोटिस के अनुसार 8,844 बोरा धान और 4,554.52 क्विंटल चावल की कमी का उल्लेख करते हुए ₹2.10 करोड़ की प्रस्तावित वसूली की बात कही गई है। हालांकि यह कार्रवाई अभी कारण बताओ नोटिस के स्तर पर है और संबंधित पक्ष को जवाब देने का अवसर दिया गया है।
रील बनाकर दूसरों पर सवाल उठाने वाले तुकाराम चंद्रवंशी के राइस मिल पर प्रशासन की कार्रवाई!
कांग्रेस के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं की शिकायत के बाद जांच, 8,844 बोरा धान का स्टॉक मिला, दस्तावेजों में बताई गई कई अनियमितताएं
UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l जिले में सोशल मीडिया पर अपनी रीलों को लेकर चर्चा में रहने वाले कांग्रेस से जुड़े तुकाराम चंद्रवंशी से संबंधित बताए जा रहे श्री राम राइस मिल, गंडईकला अब प्रशासनिक जांच के घेरे में है।
कलेक्टर खाद्य शाखा द्वारा जारी कारण बताओ नोटिस दिनांक 3 अक्टूबर 2026 में मिल की जांच के दौरान कई बिंदुओं पर अनियमितता पाए जाने का उल्लेख किया गया है।
दस्तावेज के अनुसार खाद्य निरीक्षक एवं अन्य अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर संयुक्त टीम ने मिल का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मिल संचालक के प्रतिनिधि रमेश चंद्रवंशी की मौजूदगी में स्टॉक का भौतिक सत्यापन किया गया।
जांच रिपोर्ट में मिल परिसर में अलग-अलग स्थानों पर कुल 8,844 बोरा धान, जिसकी मात्रा लगभग 5,925.48 क्विंटल बताई गई है, पाया जाना दर्ज है।
वहीं दस्तावेज में यह भी उल्लेख है कि मिल में मिली वर्ष 2025-26 के लिए मिलर द्वारा जमा किए जाने योग्य शेष चावल की मात्रा 10,480 क्विंटल ऑनलाइन प्रदर्शित हो रही थी, जबकि भौतिक सत्यापन में चावल की मात्रा 5,925.48 क्विंटल पाई गई।
नोटिस में स्टॉक में 4,554.52 क्विंटल चावल कम पाए जाने का उल्लेख किया गया है। इसके अलावा बिजली मीटर, रिकॉर्ड एवं अन्य दस्तावेजों से संबंधित बिंदुओं का भी निरीक्षण रिपोर्ट में जिक्र है।
???? 2.10 करोड़ रुपये की वसूली का प्रस्ताव
कारण बताओ नोटिस में 2025-26 की धान उपार्जन की प्रचलित दर ₹3,100 प्रति क्विंटल के आधार पर ₹2,10,70,700 की राशि की वसूली किए जाने की बात कही गई है।
साथ ही नोटिस में बैंक गारंटी राजसात करने, मिल को 3 वर्ष के लिए आगामी मिलिंग से बाहर करने तथा विरुद्ध दर्ज प्राथमिकी की कार्रवाई जैसे प्रस्तावित कदमों का भी उल्लेख है।
हालांकि ये कार्रवाई नोटिस में प्रस्तावित/कारण बताओ स्तर की कार्रवाई है। संबंधित पक्ष को अपना जवाब प्रस्तुत करने का अवसर दिया गया है।
शिकायत से जांच तक पहुंचा मामला
स्थानीय स्तर पर मिली जानकारी के मुताबिक, कांग्रेस के वरिष्ठ कार्यकर्ता डोमन चंद्रवंशी और मन्नू चंद्रवंशी ने करीब दो माह पहले मिल से संबंधित शिकायत अधिकारियों से की थी। इसके बाद अधिकारियों द्वारा जांच की गई और अब कारण बताओ नोटिस सामने आया है।
यानी एक तरफ तुकाराम चंद्रवंशी सोशल मीडिया रीलों के जरिए सड़क, धान खरीदी और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठाते नजर आते हैं, वहीं दूसरी तरफ उनसे संबंधित बताए जा रहे राइस मिल को लेकर प्रशासनिक जांच और नोटिस का मामला सामने आया है।
⚠️ बड़ा सवाल
अब सवाल यह है कि—
क्या दूसरों के कामकाज पर रील बनाकर सवाल उठाने वाले तुकाराम चंद्रवंशी अपने ही राइस मिल से जुड़े इन गंभीर सवालों का जवाब देंगे?
फिलहाल प्रशासन ने मिल प्रबंधन को अपना पक्ष रखने का मौका दिया है। इसलिए 4,554.52 क्विंटल चावल की कमी और ₹2.10 करोड़ की प्रस्तावित वसूली के मामले में अंतिम निष्कर्ष संबंधित पक्ष के जवाब और आगे की प्रशासनिक कार्रवाई के बाद ही स्पष्ट होगा।