पुलिस के अनुसार 10 सितंबर 2026 को सूचना मिली थी कि सतवास थाना क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 09, पुनासा रोड स्थित पुनर्वास क्षेत्र के एक मकान में माया पति स्व. अशोक शर्मा, उम्र 60 वर्ष और उनकी बेटी रानू पति राकेश शर्मा, उम्र 35 वर्ष घायल अवस्था में मिली हैं। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक देवास पुनीत गेहलोद ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण और एसडीओपी कन्नौद को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सौम्या जैन, एसडीओपी कन्नौद आदित्य तिवारी और सतवास पुलिस की टीम मौके पर पहुंची।
घायल महिला को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। बेहतर उपचार और पुलिस समन्वय के लिए इंदौर स्थित अस्पताल से भी आवश्यक संपर्क स्थापित किया गया। एसडीओपी कन्नौद द्वारा इंदौर भेजी गई पुलिस टीम ने घायल महिला से घटनाक्रम और संदिग्धों के संबंध में जानकारी हासिल की। पुलिस के मुताबिक घायल महिला से मिली जानकारी मामले की जांच में महत्वपूर्ण कड़ी साबित हुई।
घटना के संबंध में थाना सतवास में अपराध क्रमांक 379/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 और 103(1) के तहत विवेचना शुरू की गई। घटनास्थल से मिले भौतिक एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों को सुरक्षित कर FSL टीम से भी जांच कराई गई। पुलिस ने CCTV फुटेज, तकनीकी जानकारी और पूछताछ से प्राप्त तथ्यों का आपस में मिलान करते हुए जांच आगे बढ़ाई।
पुलिस जांच में सामने आया कि दो विधि से संघर्षरत बालकों द्वारा घटना से पहले कथित तौर पर दो से तीन बार क्षेत्र की रेकी की गई थी। पुलिस के अनुसार CCTV फुटेज में भी उनकी गतिविधियां सामने आईं। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई कि सोने की चेन को लूटने के उद्देश्य से वारदात की गई। पुलिस का दावा है कि इसी दौरान महिला पर हमला किया गया और बेटी द्वारा बीच-बचाव करने पर उस पर भी हमला हुआ, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई।
पुलिस ने दोनों विधि से संघर्षरत बालकों को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक पूछताछ में दोनों ने घटना में शामिल होने की बात स्वीकार की है। उनकी निशानदेही पर 10-10 ग्राम की सोने की चेन के दो टुकड़े, घटना में इस्तेमाल किए गए दो मोबाइल फोन, काले रंग का चाकू कवर, एक छुर्रा और वारदात में प्रयुक्त लोहे का भारी बाट बरामद किया गया है।
पुलिस के अनुसार इस कार्रवाई में सतवास, खातेगांव सहित अन्य संबंधित पुलिस टीमों और साइबर सेल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्रवाई में थाना प्रभारी सतवास आशीष पाल, थाना प्रभारी खातेगांव दिलीप कुमार पुरी, राहुल रावत सहित अन्य पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और साइबर सेल टीम ने सहयोग किया। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है। पुलिस ने वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर प्रकरण की विवेचना आगे बढ़ाने की बात कही है।