भीषण गर्मी में स्कूल बंद करने की मांग तेज, रायपुर में अपर कलेक्टर को सौंपा गया ज्ञापन
रायपुर में बढ़ती गर्मी और लू के खतरे को देखते हुए स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित करने की मांग उठी है। मानवाधिकार न्याय सुरक्षा संगठन ने अपर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की है।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में लगातार बढ़ती भीषण गर्मी को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। तापमान में हो रही लगातार वृद्धि और लू के प्रकोप के बीच अब स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित करने की मांग भी तेज हो गई है।
इसी क्रम में मानवाधिकार न्याय सुरक्षा संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश अध्यक्ष पूनम पांडे के नेतृत्व में अपर कलेक्टर नवीन कुमार ठाकुर को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन से आग्रह किया गया कि विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जल्द से जल्द स्कूलों में अवकाश घोषित किया जाए।
ज्ञापन में कहा गया है कि प्रदेश में इन दिनों तापमान तेजी से बढ़ रहा है, जिससे लू और गर्म हवाओं का असर भी बढ़ता जा रहा है। ऐसे में स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों, विशेष रूप से छोटे विद्यार्थियों के लिए यह स्थिति खतरनाक साबित हो सकती है।
पूनम पांडे ने कहा कि अत्यधिक गर्मी के कारण बच्चों में डिहाइड्रेशन, लू लगने और अन्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का खतरा लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि कई अभिभावक भी इस स्थिति को लेकर चिंतित हैं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन से जल्द निर्णय लेने की अपेक्षा कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि संगठन के जिला एवं प्रदेश स्तर के सभी पदाधिकारी इस मुद्दे पर एकमत हैं और विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की मांग कर रहे हैं।
प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से अपील की है कि वर्तमान मौसम परिस्थितियों को गंभीरता से लेते हुए जल्द से जल्द ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित किया जाए, ताकि छात्र-छात्राएं भीषण गर्मी और लू के प्रभाव से सुरक्षित रह सकें।
इसके साथ ही यह भी कहा गया कि यदि समय रहते उचित निर्णय नहीं लिया गया, तो बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
ज्ञापन सौंपने के दौरान संगठन के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे, जिन्होंने प्रशासन से इस मामले में संवेदनशीलता दिखाने की अपील की।
प्रतिनिधिमंडल ने उम्मीद जताई है कि जिला प्रशासन विद्यार्थियों के हित को प्राथमिकता देते हुए जल्द ही सकारात्मक निर्णय लेगा और स्कूलों में अवकाश की घोषणा करेगा।
गौरतलब है कि हर साल गर्मी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए राज्य सरकार द्वारा स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित किया जाता है, लेकिन इस बार समय से पहले ही तापमान बढ़ने के कारण अवकाश की मांग और तेज हो गई है।
अब देखना होगा कि प्रशासन इस मांग पर क्या निर्णय लेता है और बच्चों की सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।