बैठक में उपस्थित व्यवसायियों और वाहन संघों के पदाधिकारियों ने यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने में पुलिस प्रशासन को पूरा सहयोग देने पर सहमति जताई। इस दौरान शहर के सभी दुकानदारों को अपनी दुकानों में लगे सीसीटीवी कैमरों का न्यूनतम 10 दिनों का बैकअप सुरक्षित रखने की बात कही गई। साथ ही कैमरों को इस तरह स्थापित करने पर जोर दिया गया, जिससे दुकान के आसपास और सड़क पर होने वाली गतिविधियां स्पष्ट रूप से रिकॉर्ड हो सकें। इससे किसी घटना की स्थिति में पुलिस जांच में मदद मिल सकेगी।
बैठक में वाहन चालकों को यातायात नियमों और यातायात संकेतों का अनिवार्य रूप से पालन करने की समझाइश दी गई। शहर में सुबह 10 बजे से रात 10 बजे तक भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध के पालन को सुनिश्चित करने पर भी चर्चा हुई। दुकानदारों से अपनी दुकानों के सामने वाहनों की व्यवस्थित पार्किंग कराने और निर्धारित पीली एवं सफेद पट्टी के भीतर ही वाहन खड़े कराने की अपील की गई, ताकि सड़क पर आवागमन बाधित न हो।
बस चालकों को निर्धारित स्थानों पर ही यात्रियों को उतारने और बैठाने के निर्देश दिए गए। साथ ही माल वाहनों में यात्रियों को नहीं बैठाने की हिदायत दी गई। वाहन चालकों को नशे की हालत में वाहन नहीं चलाने और अभिभावकों को अपने नाबालिग बच्चों को वाहन चलाने के लिए वाहन नहीं देने की समझाइश भी दी गई। पुलिस ने सुरक्षित यातायात के लिए नियमों के पालन को जरूरी बताया।
बैठक के दौरान साइबर जागृति अभियान के तहत व्यवसायियों, वाहन चालकों और आम नागरिकों को साइबर अपराधों से बचाव के उपायों की जानकारी दी गई। लोगों को अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने, ओटीपी और बैंक से संबंधित गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने तथा साइबर ठगी होने की स्थिति में तत्काल शिकायत करने के लिए जागरूक किया गया। अभियान के तहत “मैं जागरूक हूँ, साइबर क्राइम से मुक्त हूँ” संदेश वाली सेल्फी स्टैंड के माध्यम से उपस्थित लोगों ने सेल्फी लेकर साइबर अपराध के प्रति जागरूकता का संदेश भी दिया।
बैठक में व्यवसायियों ने शहर की यातायात और नागरिक सुविधाओं से जुड़े विभिन्न सुझाव भी रखे। इनमें चौक-चौराहों से गाय-बछड़ों को हटाने की व्यवस्था, ऑटो चालकों के लिए निर्धारित पार्किंग स्थल, जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त कराने, दाऊपारा चौक के पास यात्री प्रतीक्षालय बनवाने और हाथ ठेला व फेरी वालों के लिए निर्धारित स्थान चिन्हित करने जैसे सुझाव शामिल रहे।
कार्यक्रम में यातायात मुंगेली के प्रभारी उप निरीक्षक संतोष शर्मा सहित यातायात शाखा के अधिकारी-कर्मचारी, व्यवसायी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। बैठक के माध्यम से पुलिस और शहर के विभिन्न संगठनों के बीच बेहतर समन्वय बनाकर यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने पर जोर दिया गया।