गरियाबंद में बारिश ने खोली जलनिकासी व्यवस्था की पोल, पुराने नीम रपटा में फिर जलभराव

गरियाबंद के पुराने नीम रपटा इलाके में बारिश के बाद सड़कें जलमग्न हो गईं और घरों-दुकानों के सामने पानी भर गया। जुलाई में भी यहां घुटने से ऊपर तक पानी भरने की स्थिति बनी थी, लेकिन करीब दो महीने बाद भी स्थायी समाधान नहीं हुआ। अधूरी नालियों, अतिक्रमण और कचरे के कारण जलनिकासी प्रभावित होने की बात सामने आई है।

Sep 14, 2026 - 16:31
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गरियाबंद में बारिश ने खोली जलनिकासी व्यवस्था की पोल, पुराने नीम रपटा में फिर जलभराव

UNITED NEWS OF ASIA. राधे पटेल, गरियाबंद l बारिश ने एक बार फिर शहर की जलनिकासी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। शहर के पुराने नीम रपटा इलाके में बारिश होते ही सड़कें पानी में डूब गईं। थोड़ी देर की बारिश के बाद ही यहां सड़क पर पानी भरने से लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। कई घरों और दुकानों के सामने जलभराव की स्थिति बनने से स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ गईं। इस स्थिति ने नगर पालिका की जलनिकासी व्यवस्था और बारिश से पहले की तैयारियों पर सवाल खड़े किए हैं।

पुराने नीम रपटा इलाके में जलभराव की समस्या नई नहीं है। इसी साल जुलाई में भी बारिश के दौरान यहां घुटने से ऊपर तक पानी भर गया था। उस समय भी स्थानीय लोगों ने नगर पालिका से समस्या के स्थायी समाधान की मांग की थी। इसके बावजूद करीब दो महीने बीतने के बाद भी बारिश होते ही एक बार फिर वही स्थिति सामने आ गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के दौरान जलभराव की समस्या सामने आती है, लेकिन इसका स्थायी समाधान अब तक नहीं हो पाया है।

जानकारी के मुताबिक नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण के साथ शहर के कई हिस्सों में नाली निर्माण का काम अब भी अधूरा पड़ा हुआ है। नालियों का निर्माण पूरा नहीं होने के कारण बारिश के पानी की निकासी के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं बन पाई है। वहीं, जिन स्थानों पर नालियां बनाई गई हैं, वहां अतिक्रमण और कचरे के कारण जलनिकासी प्रभावित होने की बात सामने आ रही है। नालियों के जाम होने से बारिश का पानी आगे नहीं निकल पाता और आसपास की सड़कों पर जमा हो जाता है।

बारिश के बाद पुराने नीम रपटा इलाके की तस्वीरों में सड़क पर भरे पानी की स्थिति साफ दिखाई दे रही है। जलभराव के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी उठानी पड़ रही है। दुकानदारों के सामने पानी जमा होने से कारोबार भी प्रभावित होने की आशंका है। स्थानीय लोगों के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब समस्या पहले से सामने आती रही है, तो बारिश के मौसम से पहले जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त क्यों नहीं किया गया।

लोगों का कहना है कि शहर में सड़कें और अन्य विकास कार्य तो नजर आते हैं, लेकिन जलनिकासी जैसी मूलभूत सुविधा को लेकर अब भी समस्या बनी हुई है। उनका सवाल है कि बारिश के दौरान बार-बार सामने आने वाले जलभराव से निजात कब मिलेगी। लोगों की मांग है कि अधूरी नालियों का निर्माण पूरा कराया जाए और जहां नालियां कचरे या अतिक्रमण के कारण बाधित हैं, वहां सफाई और आवश्यक कार्रवाई की जाए।

फिलहाल पुराने नीम रपटा इलाके में जलभराव की समस्या ने नगर पालिका की तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग समस्या का स्थायी समाधान निकालने के लिए ठोस कदम उठाएगा, ताकि हर बारिश में शहरवासियों को इसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।