UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l जिले में दुर्ग-बालोद मुख्य मार्ग पर आयरन ओर लदे दो ट्रकों के बीच टक्कर का मामला सामने आया है। एचपी पेट्रोल पंप के आगे सड़क किनारे खराब हालत में खड़े आयरन ओर लदे ट्रक को पीछे से आ रहे दूसरे ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर के बाद दोनों वाहनों को नुकसान पहुंचा। राहत की बात यह रही कि हादसे में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई और किसी व्यक्ति के गंभीर रूप से घायल होने की जानकारी सामने नहीं आई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार एक ट्रक आयरन ओर लेकर जा रहा था। रास्ते में वाहन खराब होने के कारण चालक ने उसे सड़क किनारे खड़ा कर दिया था। इसी दौरान पीछे से आयरन ओर लेकर आ रहे दूसरे ट्रक ने खड़े वाहन को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों ट्रकों के कुछ हिस्सों में क्षति पहुंची। घटना के बाद कुछ समय के लिए मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
हादसे के दौरान दोनों वाहनों में मौजूद लोगों की स्थिति को लेकर भी जानकारी सामने आई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक चालक सहित किसी व्यक्ति को गंभीर चोट नहीं आई है। इस वजह से हादसे के बाद बड़ी जनहानि टल गई। हालांकि सड़क पर भारी वाहनों की आवाजाही को देखते हुए दुर्घटना की परिस्थितियों ने एक बार फिर सुरक्षा इंतजामों को लेकर सवाल खड़े किए हैं।
स्थानीय स्तर पर यह चर्चा भी सामने आई है कि हादसे में शामिल वाहन का चालक कथित तौर पर नशे की हालत में वाहन चला रहा था। हालांकि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। चालक के नशे में होने या नहीं होने की वास्तविक स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। इसलिए फिलहाल इसे केवल स्थानीय चर्चा और अपुष्ट जानकारी के तौर पर देखा जा रहा है।
दुर्ग-बालोद और दल्लीराजहरा मुख्य मार्ग पर भारी वाहनों की लगातार आवाजाही रहती है। आयरन ओर और अन्य खनिजों का परिवहन करने वाले ट्रकों की संख्या भी इस मार्ग पर अधिक रहती है। ऐसे में सड़क किनारे खराब वाहन खड़ा होने पर पीछे से आने वाले चालकों के लिए पर्याप्त दूरी से उसे देख पाना और समय रहते वाहन को नियंत्रित करना जरूरी हो जाता है। खराब वाहनों के आसपास सुरक्षा संकेतक, रिफ्लेक्टर या अन्य चेतावनी व्यवस्था नहीं होने की स्थिति में दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है।
इस घटना के बाद सड़क किनारे खराब भारी वाहनों को खड़ा करने के दौरान सुरक्षा उपायों और भारी वाहनों की गति को लेकर चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि व्यस्त मार्गों पर खराब वाहनों के लिए उचित सुरक्षा व्यवस्था जरूरी है, ताकि पीछे से आने वाले वाहन चालकों को समय रहते इसकी जानकारी मिल सके। साथ ही भारी वाहनों के चालकों को भी सड़क सुरक्षा नियमों और वाहन चलाते समय पूरी सावधानी बरतने की जरूरत है। फिलहाल इस हादसे में जनहानि नहीं होने से राहत है, जबकि घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की स्थिति जांच के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट होगी।